मुंबई| क्रिकेटर युसूफ पठान भले ही पहले डोप अपराध के लिये बीसीसीआई द्वारा लगाया गया पांच महीने का पूर्वप्रभावी प्रतिबंध जल्दी ही पूरा कर लेंगे लेकिन विश्व डोपिंग निरोधक एजेंसी के प्रोटोकाल के तहत मामला अभी भी लंबित है. भारतीय हरफनमौला पठान पर डोप टेस्ट में नाकाम रहने के कारण पांच महीने का पूर्वप्रभावी प्रतिबंध लगाया गया था जो 14 जनवरी को खत्म हो जायेगा. बीसीसीआई ने उनकी यह दलील स्वीकार कर ली थी कि उन्होंने अनजाने में प्रतिबंधित पदार्थ का सेवन किया है.

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वाडा के मीडिया और कम्युनिकेशंस मैनेजर मैगी डूरंड ने पीटीआई के ईमेल के जवाब में कहा ,‘‘ चूंकि यह मामला लंबित है तो हम इस पर टिप्पणी नहीं कर सकते .’’ वाडा की डोपिंग आचार संहिता 2015 के तहत पहली बार अपराध पर चार साल के निलंबन का प्रावधान है.

बीसीसीआई ने एक बयान में कहा ,‘‘ युसूफ पठान पर डोपिंग उल्लंघन के कारण निलंबन लगाया गया । उन्होंने अनजाने में एक प्रतिबंधित पदार्थ का सेवन कर लिया जो आम तौर पर सर्दी खासी के सिरप में पाया जाता है.’’ पठान ने पिछले साल 16 मार्च को बड़ौदा और तमिलनाडु के बीच एक घरेलू टी20 मैच के बाद बीसीसीआई के डोपिंग निरोधक परीक्षण कार्यक्रम के तहत मूत्र का नमूना दिया था.

बोर्ड ने कहा था ,‘‘ उनके नमूने की जांच की गई और उसमें टरबूटेलाइन के अंश मिले. यह वाडा के प्रतिबंधित पदार्थों की सूची में आता है.’’ पठान ने कहा था कि उन्हें यकीन था कि जान बूझकर सेवन का आरोप उन पर नहीं लगेगा. उन्होंने हालांकि भविष्य में और सतर्क रहने की बात कही.