नई दिल्ली: दूरसंचार सचिव अरुणा सुंदरराजन ने गुरुवार को कहा कि 5जी के पूरे देश में चालू होते ही इसकी अहमियत स्थापित हो जाएगी. सुंदरराजन ने कहा, तीव्र रफ्तार वाले, व्यापक व विश्वसनीय 5जी नेटवर्क को चालू करने की तकनीकी चुनौतियों को हम जितना समझेंगे इसकी अहमियत उतनी ही ज्यादा होगी. इससे पहले जब 2जी, 3जी और 4जी दुनियाभर में चालू हुआ था तो भारत में इनकी इतनी अहमियत नहीं जान पड़ती थी. हालांकि 5जी में हमारे लिए बड़े अवसर हैं. वह 5जी इंडिया 2018 इंटरनेशनल कान्फ्रेंस को संबोधित कर रही थीं. Also Read - भारत में पहले 5G हैंडसेट की इतने रुपये हो सकती है कीमत, जानें हर डिटेल

ब्रॉडबैंड इंडिया फोरम (बीआईएफ), कंज्यूमर यूनिटी और ट्रस्ट सोसायटी इंटरनेशनल (सीयूटीएस) ने आईसीटी मानकीकरण और 5जी में भारत के अग्रणी स्थान हासिल करने में इसके महत्व पर एक रिपोर्ट जारी किया है. सुंदरराजन ने कहा, भारत का संचार बाजार दुनिया में सबसे बड़ा है और इसलिए यह जरूरी है कि भविष्य के संचार नेटवर्क को बनाने के लिए हम प्रशासन, उद्योग और दुनियाभर में अकादमिक क्षेत्र के लोगों के साथ जुड़ें. Also Read - 5जी परीक्षण: हुआवै ने अवसर देने के लिए भारत का जताया आभार, कहा- मोदी सरकार पर भरोसा

भारत मौजूदा दौर में अहम मोड़ पर है क्योंकि सरकार सफलतापूर्वक निकट भविष्य में शुरू होने वाली 5जी प्रौद्योगिकी के आलोक में प्रगतिगामी डिजिटलीकृत अर्थव्यवस्था के संभावित फायदे उठाने की ओर उन्मुख है. ब्रॉडबैंड इंडिया फोरम के प्रेसिडेंट टी. वी. रामचंद्रन ने कहा, बड़े आर्थिक संदर्भ में अहम भूमिका निभाने वाले मानकों पर परिचर्चा आवश्यक है और भारत जैसे विकासशील देशों के मामले में इसकी प्रासंगिकता को वास्तविकता से अधिक बढ़ा-चढ़ा कर नहीं देखा जा सकता है. Also Read - Honor V30 और V30 Pro स्मार्टफोन लेटेस्ट Kirin 990 चिपसेट के साथ हुए लॉन्च, जानें कीमत और स्पेसिफिकेशंस

(इनपुट: आईएएनएस)