
Satyam Kumar
सत्यम, बिहार से हैं. उन्होंने LS College, मुजफ्फरपुर, बिहार से जर्नलिज्म की पढ़ाई की है. जामिया मिल्लिया इस्लामिया से MA In Media Governance में मास्टर्स किया है. मास्टर्स के साथ ... और पढ़ें
Earth day 2026 E-waste recycling business India: क्या आपके घर की दराजों में भी पुराने स्मार्टफोन और उलझी हुई चार्जर केबल-ईयरफोन्स का अंबार लगा है? ये इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स भले ही एक कोने में पड़े-पड़े E-waste बन चुके हो, लेकिन इनका भी अपना एक बड़ा मार्केट है. दूसरी चीज भले ही ये चीजें आपके लिए वेस्ट हो, लेकिन संसाधन के नजरिए इन्हें दोबारा से उपयोग में लाया जा सकता है. ई-कॉमर्स साइट पर ऐसे ही लाखों रिफर्बिश्ड इलेक्ट्रॉनिक पोडक्ट्स का चलन E-waste को बचाने की मुहिम है. आइये Earth day 2026 पर ई-वेस्ट से पैसे कितने तरीके से बना सकते हैं…
भारत में रिफर्बिश्ड (Refurbished) यानी पुराने या खराब स्मार्टफोन को ठीक करके बेचने का मार्केट तेजी से बढ़ रहा है. लोग अब महंगे ब्रांडेड फोन को कम कीमत में खरीदना पसंद कर रहे हैं, जिससे पुराने गैजेट्स की डिमांड बढ़ गई है. ये सेकेंडरी मार्केट न केवल E-waste को रोकने में किफायती है, बल्कि लाखों लोगों के रोजगार का जरिया भी बन चुका है, साथ ही इलेक्ट्रॉनिक कचरे को लैंडफिल तक जाने से रोक रहा है.
जब आप नया फोन खरीदते हैं, तो ई-कॉमर्स कंपनियां ‘एक्सचेंज ऑफर’ के जरिए पुराने फोन के बदले भारी रिबेट यानि छूट देती हैं. आपका पुराना फोन कितना भी पुराना क्यों न हो, उसकी कंडीशन के हिसाब से उसकी एक वैल्यू तय की जाती है. ये रिबेट आपके नए फोन की कीमत को काफी कम कर देता है, जिससे प्रीमियम फोन खरीदना आसान हो जाता है.
फोन के बदले फोन की स्कीम सर्कुलर इकोनॉमी का एक हिस्सा है. जब कंपनियां पुराने फोन वापस लेती हैं, तो वे उनके वर्किंग पार्ट्स को निकाल लेती हैं और बाकी हिस्से को रीसायकल कर देती हैं इससे नए फोन बनाने के लिए प्राकृतिक संसाधनों जैसे- लिथियम या कोबाल्ट की माइनिंग कम करनी पड़ती है, जो सीधे तौर पर पर्यावरण को बचाने में मदद करता है.
ई-वेस्ट रीसाइक्लिंग अब एक अरबों का बिजनेस बन चुका है. एक पुराने स्मार्टफोन या लैपटॉप के मदरबोर्ड में सोना, चांदी, तांबा और पैलेडियम जैसी कीमती धातुएं होती हैं. प्रोफेशनल रीसाइक्लिंग कंपनियां इन धातुओं को निकालकर उन्हें दोबारा बेचती हैं. अगर कोई छोटे स्तर पर ई-वेस्ट कलेक्शन सेंटर खोलता है, तो वह इन पुरानी मशीनों को बेचकर अच्छी खासी कमाई कर सकता है.
अगर आप अपना पुराना गैजेट बेचने या एक्सचेंज करने की सोच रहे हैं तो सबसे पहले डेटा प्राइवेसी का ध्यान रखना सबसे ज्यादा जरूरी है. बेचने या एक्सचेंज करने से पहले हमेशा फोन को फैक्ट्री रीसेट करें और सुनिश्चित करें कि आपने अपना गूगल या आईक्लाउड अकाउंट लॉग आउट कर दिया है. इसके अलावा, अपने सिम कार्ड और मेमोरी कार्ड निकालना कभी न भूलें, ताकि आपकी निजी जानकारी गलत हाथों में न पड़े.
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