Google अकसर दुनिया के पॉप्युलर आर्टिस्ट, स्पोर्ट्स स्टार्स, दिग्गजों, वैज्ञानिकों आदि को अपने Doodle के द्वारा श्रद्धांजलि देता रहता है अथवा उन्हें याद करता है। आज Google ने अपना Doodle जापानी पर्वतारोही Junko Tabei (जुन्को ताबेई) के 80वें जन्मदिन पर समर्पित किया है। इसके पीछे का कारण यह है कि Junko Tabei माउंट एवरेस्ट की चोटी पर सफलता पूवर्क पहुंचने वाली पहली महिला थीं। इतना ही नहीं, जुन्को हर महाद्वीप के सभी सात सबसे ऊंची चोटियों पर चढ़ने का मुकाम हासिल करने वाली पहली महीला है। इन चोटियों में Everest, Aconcagua, Denali, Kilimanjaro, Vinson, Elbrus, Puncak Jaya शामिल हैं।

कौन थी जुन्को ताबेई?

जुन्को का जन्म 22 सितंबर 1939 में जापान के फुकुशिमा के मिहारू टाउन में हुआ था। बचपन से उन्हें कमजोर बच्चे के रूप में देखा जाता था, लेकिन फिर भी उन्होंने अपने हिम्मत और साहस की वजह से 10 साल की उम्र में पर्वतारोहण करना शुरू किया और Mount Nasu की चढ़ाई की। इसके बाद परिवार की माली हालत खराब होने की वजह से जुन्को काफी समय तक पर्वतारोहण नहीं कर पाई थी।

जुन्को ताबेई ने मासानोबू ताबेई से शादी की थी, जो एक माउंट क्लाइंबर थे। मासानोबू से जुन्को 1965 में जापान में पर्वतारोहण के समय मिली थी। जुन्को के दो बच्चे – बेटी नोरिको ताबेई और बेटा शिन्या ताबई है।

 

इसके बाद 16 मई, 1975 को ऑल फीमेल कलाइंबिंग पार्टी की नेता के तौर पर उन्होंने एवरेस्ट की चोटी पर पहुंचने का मुकाम हासिल किया था। इसके बाद जुन्कों की उपलब्धियां रुकी नहीं और उन्होंने 1992 में “सेवन समिट्स” को पूरा किया और सात महाद्वीपों की सबसे ऊंची चोटियों पर पहुंचने वाली पहली महिला बनीं।

जुन्को ताबेई को 2012 में पैरिटोनियल कैंसर हुआ, जिसके बाद भी उन्होंने पर्वतारोहण नहीं छोटा और आखिर में 20 अक्टूबर 2016 को उनका निधन हो गया। जुनको सभी युवा पर्वतारोहियों के लिए एक मिसाल है। उनके हौसले और काबिलियत की आज भी मिसालें दी जाती है।