Safe Online shopping Tips: आजकल यूजर्स के बीच शॉपिंग के लिए ऑनलाइन प्लेटफॉर्म काफी लोकप्रिय है. खासतौर पर कोरोना काल में भीड़-भाड़ से बचने के लिए लोगों ने ऑनलाइन शॉपिंग को अपनाया. ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर आपको ऑफलाइन की तुलना में अधिक ऑफर्स व डील्स का लाभ मिलता है. साथ ही आप यहां किसी प्रोडेक्ट के कई ऑप्शन एक साथ देख सकते है।. इतना ही नहीं अन्य ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से प्राइज कंपेयर करने के बाद आप कम कीमत वाले प्रोडक्ट को खरीद सकते हैं. लेकिन ऑनलाइन शॉपिंग के दौरान कुछ यूजर्स को फ्रॉड व धोखाधड़ी का भी सामना करना पड़ता है. आज हम आपको बताएंगे कि ऑनलाइन शॉपिंग से पहले किन-किन बातों का ध्यान रखना चाहिए.Also Read - Flipkart Big Diwali Sale: आज रात 12 बजे होगी शुरू, मिलेंगे कई शानदार ऑफर्स और डिस्काउंट

ऑफिशियल वेबसाइट या ऐप से करें खरीददारी
ई-कॉमर्स साइट्स के अलावा अक्सर आपको फेसबुक या अन्य सोशल मीडिया ऐप के माध्यम से भी शॉपिंग के कुछ विकल्प नजर आते हैं तो जहां कई आकर्षक ऑफर्स दिए होते हैं. लेकिन इन ऐप्स के माध्यम से शॉपिंग करने से पहले उसे ठीक से कर लें. क्योंकि ये फ्रॉड भी हो सकते हैं और यहां प्रोडक्ट की ओरिजनलिटी के साथ ही बैंक अकाउंट की जानकारी लीक होने का खतरा बना रहता है. ऐसे में कोशिश करें कि ऑफिशियल वेबसाइट या ऐप से ही शॉपिंग की जाए. Also Read - Google ने बैन किए 150 खतरनाक ऐप्स, सेफ्टी चाहते हैं तो तुरंत करें अपने फोन से इन ऐप्स को डिलीट

कैश ऑन डिलीवरी का विकल्प चुनें
ऑनलाइन शॉपिंग के दौरान पेमेंट करने के लिए सबसे सेफ तरीका सीओडी यानी कैश ऑन डिलीवरी है. इसमें पहले सामान आपके पास पहुंच जाएगा और उसके बाद आपको पेमेंट करनी होती है. ऑनलाइन शॉपिंग के दौरान के फ्रॉड से बचने का यह सबसे सही तरीका है. Also Read - JioPhone Next के लॉन्च को लेकर Google हेड Sundar Pichai ने किया खुलासा, जानें डिटेल

ATM कार्ड की डिटेल न करें सेव
अक्सर ऑनलाइन शॉपिंग के दौरान यूजर्स अपने एटीएम कार्ड की डिटेल को सेव कर देते हैं ताकि बाद में भी आराम से शॉपिंग की जाए. लेकिन शॉपिंग साइट्स पर एटीएम कार्ड की डिटेल सेव की गलती न करें. बेहतर है कि ऑनलाइन पेमेंट करते समय save card details के विकल्प से पहले उस टिक को यस से हटाकर नो कर दें और फिर पेमेंट करें. इससे आपका बैंक खाता पूरी तरह सुरक्षित रहेगा.

वेबसाइट का URL जरूर चेक करें
ऑनलाइन शॉपिंग करते समय किसी धोखाधड़ी से बचने के लिए जरूरी है कि आप वेबसाइट का URL जरूर चेक करें. ध्यान रहें बेवसाइट का यूआरएल HTTP की बजाय HTTPS होना चाहिए. HTTPS का मतलब है कि साइट को गूगल की ओर से सिक्योर्ड है.