नई दिल्ली: उद्योगपति मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस जियो की दूरसंचार एसोसिएशन सेल्युलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीओएआई) के बीच जंग और तेज हो गयी है. जियो ने सोमवार को कहा कि सीओएआई के हाल ही में दिए गए बयान हमारे लिये हैं. जियो सीओएआई की सदस्य है. Also Read - Reliance Jio का कमाल, कंपनी में निवेश 1 लाख 4 हजार करोड़ के पार

सीओएआई को इस हफ्ते लिखे दूसरे कड़े शब्दों वाले पत्र में जियो ने कहा, “आरजेआईएल (रिलायंस जियो इन्फोकॉम लिमिटेड) उस दावे का दृढ़तापूर्वक खंडन करता है जिसमें कहा गया था कि प्रेस बयान किसी एक ऑपरेटर के खिलाफ नहीं था.’ Also Read - जियो के ग्राहकों को एक साल के लिए फ्री में मिलेगा हॉटस्टार VIP का सब्सक्रिप्शन, ऐसे उठाएं लाभ

रविवार को सीओएआई के महानिदेशक राजन मैथ्यू ने जियो से माफी मांगने से इनकार कर दिया था. मैथ्यू ने कहा था कि “जियो से माफी मांगने का कोई सवाल ही नहीं है क्योंकि ऐसा करने का कोई कारण नहीं है. उन्होंने कहा सीओएआई के मतभेद ट्राई के आदेश से हैं, न कि किसी विशिष्ट ऑपरेटर से.” Also Read - जियो का नया वर्क फ्रॉम होम प्लान, सिर्फ 999 रुपए में 84 दिनों तक मिलेगा प्रतिदिन 3 जीबी डेटा

बता दें संगठन ने 20 फरवरी को जारी एक बयान में कहा था कि ट्राई के आदेश रिलायंस जियो को तरजीह देते हैं. इसे जियो ने छवि मलीन करना तथा मानहानि वाला करार दिया था. वहीं जियो ने इस बयान की कड़ी निंदा करते हुए इस पर मानहानि के लिए दीवानी व फौजदारी कार्रवाई करने तक की बात कही थी. जियो ने यहां तक कहा है कि सीओएआई केवल भारती एयरटेल, वोडाफोन व आइडिया का बाजा और प्रवक्ता भर बनकर रह गया है.

(एजेंसी इनपुट के साथ)