नई दिल्ली: मोबाइल वर्ग में रिफर्बिस्ड (फिर से नए किए गए) उत्पादों की भरोसेमंद ऑनलाइन प्लेटफार्म- टोगोफोगो ने बुधवार को घोषणा की है कि कंपनी ने पिछले तीन वर्ष के दौरान 3,50,000 ऐसे फोन बेचने में सफलता प्राप्त की है, जो सेकंड हैंड थे और जिन्हें फिर से नया बनाया गया था. कंपनी ने एक बयान में कहा कि उद्योग में दो दशक का अनुभव रखने वाले सौमित्र गुप्ता द्वारा स्थापित इस कंपनी का लक्ष्य सेकंड हैंड और रिफर्बिस्ड (नवीकृत) मोबाइल उद्योग की चोर-बाजारी को संगठित व्यवस्था में बदलने का है. Also Read - WhatsApp ने भारत ने अपना ब्रांड अभियान ‘इट्स बिटवीन यू’ किया शुरू, जानें क्या है इसमें खास

बयान में कहा गया कि टोगोफोगो अपनी तरह का पहला ऐसा प्लेटफार्म है जिसने नवीकृत और सेकंड हैंड फोन की खरीद-बिक्री की समस्त प्रक्रिया को मजबूती प्रदान की है और इसके लिए सेकंड हैंड फोन बाजार को विश्वसनीय बनाने वाले सभी मानकों की पेशकश की है. इस ब्रांड ने तीन साल के अंतराल में ही 3,00,000 से अधिक ग्राहक बनाकर 35 फीसदी बाजार हिस्सेदारी पर कब्जा जमा लिया है. इसके 25 फीसदी तो ऐसे ग्राहक हैं जिनका विश्वास इस ब्रांड पर इतना जम गया है कि वे बार-बार यहीं से खरीदारी करते हैं. Also Read - रेनॉल्ट ने भारतीय बाजार में मचाई धूम, वेगनॉर के दाम में मिल रही 7 सीटर कार

टोगोफोगो के संस्थापक सौमित्र गुप्ता ने बताया, “अत्यंत असंगठित बाजार में टोगोफोगो ने एक ऐसी व्यवस्था बना ली है जहां विक्रेता कंपनी के एकीकृत लॉजिस्टिक सहयोग का लाभ उठाते हैं. वहीं, खरीदारों को नवीकृत/इस्तेमाल किए गए फोन की खरीदारी करने का एक माकूल स्थान मिल गया है और वे अपने खरीदे गए उत्पादों की गुणवत्ता को लेकर पूरी तरह आश्वस्त रहते हैं.” Also Read - Facebook अगले 3 साल में 50 लाख लोगों को देगा डिजिटल ट्रेनिंग, छोटे कारोबारियों को मिलेगा लाभ

उन्होंने कहा कि भारत में लाखों उपभोक्ता सेकेंड हैंड फोन खरीदते हैं क्योंकि नए फोन के फीचर्स से वाकिफ होने के बजाय वे पहले इस्तेमाल किए गए फोन में ही खुद को सहज पाते हैं. किफायती और थोड़ी-बहुत अपग्रेड फीचर्स वाले स्मार्टफोन के अलावा इन दिनों इस्तेमाल किए गए फोन की भी जबर्दस्त मांग बढ़ रही है.