हैदराबाद: तेलंगाना में सत्तारूढ़ टीआरएस के पक्ष में जबरदस्त लहर के बावजूद कार्यवाहक सरकार के चार मंत्रियों और भंग विधानसभा के अध्यक्ष एस मधुसूदन चारी समेत अन्य को अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्र में हार का सामना करना पड़ा. मंत्रियों में तुम्मला नागेश्वर राव, जुपल्ली कृष्ण राव, पी महेंद्र रेड्डी और अजमीरा चंदूलाल को चुनाव में हार मिली.

भाजपा के तेलंगाना अध्यक्ष के लक्ष्मण और पार्टी के वरिष्ठ नेता जी किशन रेड्डी तथा तेदेपा से चुनाव लड़ने वाली एनटीआर की पोती नंदूमारी सुहासिनी को भी पराजय का सामना करना पड़ा. कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं में रेवंत रेड्डी, जन रेड्डी, जी गीता रेड्डी और डी के अरुणा तथा टीपीसीसी अध्यक्ष उत्तम कुमार रेड्डी की पत्नी पद्मावती रेड्डी को शिकस्त झेलनी पड़ी. कार्यवाहक मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव, उनके पुत्र के टी रामा राव, भतीजे टी हरीश राव, मंत्री ई राजेंद्र, टी श्रीनिवास यादव, टी पद्मा राव और पोचाराम श्रीनिवास रेड्डी, एआईएमआईएम नेता अकबरूद्दीन ओवैसी तथा भाजपा नेता राजा सिंह समेत अन्य ने अपने अपने क्षेत्र में सफलता हासिल की.

तेलंगाना में विधानसभा चुनाव के मंगलवार को आए नतीजों में सत्ताधारी टीआरएस ने दो तिहाई बहुमत हासिल किया है. रात 10 बजे मतगणना की ताजा जानकारी के मुताबिक पार्टी ने 85 सीटों पर जीत हासिल कर ली है, जबकि 3 अन्य सीटों पर उसके उम्मीदवार बढ़त बनाए हुए हैं. देश के इस सबसे युवा राज्य में टीआरएस दूसरी बार सरकार बनाएगी. चुनावों में बाकी दल टीआरएस से काफी पीछे नजर आ रहे हैं. राज्य की प्रमुख विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने कुल 19 सीटों पर जीत हासिल की है. कांग्रेस की सहयोगी तेलुगू देशम पार्टी के खाते में 2 सीटें आई हैं. इधर, टीआरएस का समर्थन करने वाली असदुद्दीन ओवैसी के नेतृत्व वाली एआईएमआईएम ने छह सीटें जीती हैं और एक सीट पर उसका उम्मीदवार आगे चल रहा है. भाजपा के खाते में एक सीट आई है, जबकि अन्य ने दो सीटें जीती हैं और एक पर वह आगे चल रही है.