लखनऊ: उत्‍तर प्रदेश के पीलीभीत जिले के बरखेड़ा इलाके में जन्माष्टमी के अवसर पर आयोजित भंडारे का भोजन खाने से करीब 25 लोगों की तबीयत खराब हो गई. पेट दर्द, उल्टी दस्त की शिकायत होने पर सभी को बरखेड़ा सीएचसी ले जाया गया. जहां हालत गंभीर होने पर 13 लोगों को जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया. Also Read - यूपी में बच्‍चों के यौन शोषण मामला: बर्खास्त बीजेपी नेता के लैपटॉप में मिले कई अश्लील वीडियो

Also Read - यूपी: पुलिस जवान पर महिला सिपाही के साथ रेप का आरोप, किराए का मकान दिखाने के बहाने ले जाकर की वारदत

Also Read - UP:समाजवादी पार्टी ने विधानपरिषद चुनाव के लिए अपने प्रत्याशियों की घोषणा की, जारी की लिस्‍ट

यूपी में आफत की बारिश: लखनऊ में सुबह से जोरदार बारिश, गंगा, घाघरा व रामगंगा नदियां उफान पर

पीलीभीत जिले के पुलिस अधीक्षक रोहित मिश्र ने बताया कि थाना बरखेड़ा क्षेत्र के ग्राम पतरसिया में जन्माष्टमी के मौके पर महाकाली शिव मंदिर में भंडारा चल रहा था. भंडारा सोमवार शाम पांच बजे से शुरू हुआ. भंडारे के दौरान पहली खेप में लगभग बच्चों सहित 35 लोगों ने कढ़ी चावल का प्रसाद खाया. भंडारे में वितरित कढ़ी-चावल खाने के कुछ देर बाद ही वहां मौजूद बच्चों समेत करीब 25 लोगों की हालत बिगड़ने लगी. उन्होंने बताया कि आनन-फानन में सभी को एम्बुलेंस से बरखेड़ा स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया.

इलाहाबाद में रिटायर्ड दरोगा की पीट-पीटकर हत्‍या, देखते रहे मोहल्‍ले के लोग, CCTV में कैद वारदात

फूड प्वाइजनिंग के लक्षण

इस दौरान कई बच्चों की हालत ज्यादा खराब होने पर उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया. जहां उनकी हालत स्थिर बतायी जाती है. बाकी लोगों का बरखेड़ा स्वास्थ्य केन्द्र में ही इलाज किया गया. मिश्र ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे. पुलिस मामले की जांच कर रही है. प्रारंभिक लक्षणों को देखते हुए फूड प्वाइजनिंग लग रही है. सभी का इलाज किया जा रहा है. डॉक्टरों की विशेष टीम बुलाकर लगवाई गई है.