लखनऊ: उत्‍तर प्रदेश के इलाहाबाद जिले में दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. इलाहाबाद जिले के धूमनगंज थाना क्षेत्र के पीपल गांव में एक शख्‍स ने अपनी पत्नी और तीन मासूम बेटियों की हत्या कर दी. इसके बाद उसने खुद भी फांसी लगाकर आत्‍महत्‍या कर ली. देरशाम तक जब कोई घर से बाहर नहीं निकला तो आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी. पुलिस ने दरवाजा तोड़कर अंदर देखा तो उसके होश उड़ गए. पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच में जुटी है. Also Read - यूपी: शादी के बाद पत्‍नी ने धर्म परिवर्तन से किया इनकार, तो पति ने गला काटकर कर दी हत्‍या

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सिविल लाइंस थाना के क्षेत्राधिकारी श्रीश्चंद्र ने बताया कि मनोज कुशवाहा उर्फ भुल्लू (35 वर्षीय) के मकान का दरवाजा सोमवार को दिन में 12 बजे से बंद था. पड़ोसियों ने कुछ गड़बड़ होने की आशंका होने पर शाम साढ़े आठ बजे पुलिस को इस बारे में सूचित किया. उन्होंने बताया कि दरवाजा तोड़ने पर मनोज की पत्नी 30 वर्षीय श्वेता की लाश फ्रिज में, बड़ी बेटी आठ वर्षीय प्रीति की लाश आलमारी में, छोटी बेटी छह वर्षीय शिवानी की लाश अटैची में और सबसे छोटी बेटी तीन वर्षीय श्रेया की लाश जमीन पर पड़ी मिली. मनोज कुशवाहा फांसी पर लटका पाया गया. उन्होंने बताया कि पुलिस ने इन शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और इस संबंध में आगे जांच की जा रही है.

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शाम को पहुंची पुलिस ने तोड़ा दरवाजा तो उड़े होश

बताया जा रहा है कि किसान गुलाब चंद्र कुशवाहा के तीन बच्चे मनोज, गोपाल और कल्लू हैं. कल्लू शहर में नौकरी करता है. 35 वर्षीय मनोज उर्फ भल्लू कुशवाहा के परिवार में उसकी पत्नी श्वेता उर्फ सुनीता और तीन बेटियां सृष्टि (8), शिवानी (4) और श्रेया उर्फ सोनू (3) थी. गुलाब ने बताया कि सोमवार सुबह वह बेटे गोपाल के साथ खेत में काम करने चले गए थे. दोपहर 12 बजे लौटे और टिफिन लेकर फिर चले गए. उस वक्त मनोज की तीनों बेटियां आंगन में खेल रही थीं. दोपहर बाद मनोज अपनी पत्नी और बेटियों को लेकर कमरे में चला गया. अंदर से ताला बंद कर लिया. शाम को पांच बजे कोई बाहर नहीं निकला तब गोपाल की पत्नी साधना ने दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई आवाज नहीं आई. थोड़ी देर में मनोज के पिता और भाई भी पहुंच गए. अनहोनी की आशंका में पुलिस को सूचना दी.