लखनऊ: बीजेपी नेता एवं पूर्व उप प्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी ने बाबरी मस्जिद ढहाये जाने के मामले की सुनवायी कर रही सीबीआई की विशेष अदालत के समक्ष शुक्रवार को अपने बयान दर्ज कराए. विशेष अदालत मामले की रोजाना सुनवाई कर रही है. सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुरूप उसे 31 अगस्त तक मामले की सुनवाई पूरी कर लेनी है. Also Read - कोरोना वायरस से संक्रमित सपा सांसद आजम खान की तबियत बिगड़ी, बेटे सहित लखनऊ के अस्पताल में भेजा गया

भाजपा नेता ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए अपने बयान दर्ज कराए. गुरुवार को बीजेपी के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी ने भी वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए अपने बयान दर्ज कराए थे. बाबरी मस्जिद ढहाये जाने के मामले में इस समय आरोपियों के बयान दर्ज किये जा रहे हैं. सभी 32 आरोपियों के बयान सीआरपीसी की धारा 313 के तहत दर्ज हो रहे हैं । Also Read - COVID-19: UP के 7 जिलों में वैक्‍सीनेशन अभियान 18 साल से अधिक उम्र वालों के लिए शुरू हुआ

अयोध्या में छह दिसंबर 1992 को ‘कारसेवकों’ ने मस्जिद ढहा दी थी. उनका दावा था कि मस्जिद की जगह पर राम का प्राचीन मंदिर हुआ करता था. Also Read - Coronavirus: UP में आज आए 37,238 नए केस, कल लखनऊ पहुंचेगी दूसरी Oxygen Special Train

राम मंदिर आंदोलन का नेतृत्व करने वाले लोगों में आडवाणी और जोशी भी शामिल थे. भाजपा नेता उमा भारती और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह इस मामले में अपने बयान दर्ज करा चुके हैं. विशेष अदालत मामले की रोजाना सुनवाई कर रही है. सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुरूप उसे 31 अगस्त तक मामले की सुनवाई पूरी कर लेनी है.