बहराइच: कैलाश मानसरोवर के सिमीकोट में तेज बारिश और मौसम की खराबी की वजह से फंसे 253 तीर्थयात्रियों में से 103 यात्रियों के पहले जत्थे को नेपाल के रास्ते सुरक्षित भारत भेज दिया गया है. पांच दिनों तक एक-एक करके तीर्थ यात्रियों का जत्था यहां लाया जाएगा. पहले जत्थे के सभी तीर्थयात्रियों को नेपालगंज एयरपोर्ट पर प्लेन से उतारकर रुपईडीहा के रास्ते बहराइच में रुकवाया गया है. बहराइच प्रशासन तीर्थ यात्रियों की मदद के लिए केंद्र के निर्देश पर  मुस्तैदी से जुटा है. Also Read - हिंदुओं पर अत्याचार: नेपाल के लोगों ने पकिस्तानी दूतावास के सामने किया विरोध प्रदर्शन

कई प्रदेशों के तीर्थ यात्री जत्थे में शामिल
भारत पहुंचे तीर्थयात्रियों में तमिलनाडु, केरल, दिल्ली, सिंगापुर, हैदराबाद के तीर्थयात्री शामिल हैं. सभी तीर्थयात्रियों के दस्तावेजों की जांच कर उनके परिजनों से संपर्क किया जा रहा है ताकि सभी को सुरक्षित उनके घर पहुंचाया जा सके. बहराइच की जिलाधिकारी माला श्रीवास्तव के मुताबिक केंद्र से तत्काल सभी यात्रियों की सुविधा व्यवस्था के लिए निर्देशित किया गया है. उन्होंने बताया कि जनपद के सभी एसडीएम और सिटी मजिस्ट्रेट, सीआरओ, समेत कई अधिकारियों को यात्रियों की सहूलियत के लिए तैनात किया गया है. Also Read - नेपाल ने भारतीय नागरिकों के लिए प्रवेश स्थल 20 से घटाकर किए आधे, उड़ानों पर रोक भी बढ़ाई

दो तीर्थ यात्रियों की ऑक्सीजन की कमी के चलते हुई थी मौत
पहले जत्थे में पहुंचे 103 तीर्थयात्रियों में से एक महिला और एक पुरुष तीर्थयात्री की आक्सीजन की कमी से मौत हो चुकी है. पहला जत्था रुपईडीहा में अधिकारियों की निगरानी में रुकवाया गया है, जिसकी देख-रेख स्वयं डीएम माला श्रीवास्तव कर रही हैं. भारत के विभिन्न राज्यों से तीर्थयात्रियों का जत्था 25 जून को कैलाश मानसरोवर की यात्रा के लिए निकला था, लेकिन मौसम के खराब होने की वजह से 253 तीर्थयात्रियों को सिमीकोट में रोका गया था. Also Read - नीतीश कुमार ने PM मोदी से की नेपाल की शिकायत, कहा- बाढ़ रोकने में सहयोग नहीं कर रहा ये देश

सिमिकोट में भी ऑक्सीजन व जगह की कमी
लेकिन वहां भी आक्सीजन की कमी और पर्याप्त जगह न होने की वजह से आपात स्थिति में यात्रियों के लिए पांच एयरप्लेन की व्यवस्था की गई ताकि यात्री नेपाल के रास्ते भारत आकर अपने घर सुरक्षित पहुंच सकें.डीएम माला श्रीवास्तव ने बताया कि दिल्ली से तत्काल सभी यात्रियों की सुविधा के लिए आदेश दिया गया है जिसके बाद जनपद के सभी एसडीएम और सिटी मजिस्ट्रेट, सीआरओ, सहित दर्जनों अधिकारियों को मौके पर तैनात किया गया है. उन्होंने बताया कि अगले 5 दिनों तक तीर्थयात्रियों का जत्था नेपाल के रास्ते बहराइच आएगा जिसके लिए सभी व्यवस्था चाक चौबन्द किए गए हैं.