नोएडा/अलीगढ़/सहारनपुर: भीम आर्मी के प्रमुख चंद्रशेखर आजाद ने बुधवार को कहा कि वह सामूहिक दुष्कर्म की पीड़िता के परिवार के साथ दिल्ली से हाथरस जा रहे थे लेकिन उत्तरप्रदेश पुलिस ने बीच रास्ते में ही उन्हें हिरासत में ले लिया और अब उन्हें सहारनपुर में नजरबंद कर दिया गया है . Also Read - भाजपा सरकार की न तो नीतियां सही हैं, नीयत, योगी राज में विकास का पहिया थम गया है : अखिलेश

आजाद ने ट्वीट किया, ‘‘पूरी दुनिया ने देखा कि कैसे सरकार और पुलिस की मिलीभगत से रात में ही हमारी बहन का दाह संस्कार परिजनों की गैरमौजूदगी और उनकी बिना मर्जी के किया गया. इन लोगों की नैतिकता मर चुकी है. मुझे इनकी पुलिस ने रात हिरासत में लिया और अब सहारनपुर लाकर मुझे नज़रबंद कर दिया गया. लेकिन हम लडेंगे.’’ Also Read - AAP सांसद संजय सिंह का योगी सरकार पर बड़ा आरोप, बोले- यूपी में अपराधियों पर कार्रवाई जाति पूछकर की जाती है

उन्होंने सहारनपुर पुलिस द्वारा उन्हें जारी किए गए एक नोटिस की तस्वीर भी साझा की है . इसमें कहा गया है, ‘‘आपको अवगत कराना है कि जनपद में धारा 144 लागू है. विश्वसनीय सूत्रों से संज्ञान में आया है कि आपके भ्रमण अथवा आचरण से भीड़ एकत्र हो रही है, इससे शांति भंग होने का खतरा है. किसी भी तरह की अप्रिय घटना हो सकती है . इसलिए आपको अवगत कराया जाता है कि वर्तमान में आप अपने घर में मौजूद रहेंगे. ’’ Also Read - सच्चे योगी होने का प्रूफ दें आदित्यनाथ, उन्हें नहीं पता मैंने पाकिस्तान जाकर भारत के बारे में किस तरीके से की थी: ओवैसी

स्थानीय फतेहपुर थाना प्रभारी मनोज चौधरी द्वारा जारी आदेश में आजाद को आगाह किया गया है कि निर्देश का उल्लंघन करने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी. संपर्क किए जाने पर चौधरी ने कहा कि नजरबंद नहीं किया गया है लेकिन कानून-व्यवस्था की स्थिति के मद्देनजर आजाद को घर में ही रहने को कहा गया है . उन्होंने कहा, ‘‘ऐसे आदेश की कोई समय सीमा नहीं होती.’’

भीम आर्मी प्रमुख द्वारा शुरू आजाद समाज पार्टी के पदाधिकारियों के मुताबिक आजाद और दिल्ली इकाई के प्रमुख हिमांशु बाल्मीकि मंगलवार रात 10 बजे लापता हो गए. उस समय वह दुष्कर्म पीड़िता के परिवार के साथ हाथरस जा रहे थे.