लखनऊ: उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में दिसंबर में भीड़ द्वारा हिंसा की घटना में पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की हत्या के प्रमुख आरोपियों में से एक को मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया गया. वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रभाकर चौधरी ने बताया कि मामले के प्रमुख अभियुक्त कलुआ की बुलंदशहर के एक दूर-दराज के गांव में मौजूद होने की सूचना मिलने के बाद उसे वहां से गिरफ्तार कर लिया गया.

कलुआ पर सुबोध सिंह के सिर पर कुल्हाड़ी से वार करने का आरोप है. उससे पूछताछ की जा रही है. पुलिस इंस्पेक्टर को इसके बाद प्रशांत नट ने गोली मार दी थी, जो पहले से ही पुलिस हिरासत में है. बता दें कि बुलंदशहर जिले के स्याना में 3 दिसंबर को गौ-कशी के नाम पर हुए बवाल में इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की हत्या हुई थी इस मामले में पुलिस ने उस समय 27 लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की थी और 60 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया था. बुलंदशहर में 3 दिसंबर को गोकशी के शक में लोगों ने जमकर हंगामा किया था और बवाल काटा था. इसी दौरान बलवाई भीड़ ने चिंगरावठी चौराहे पर हंगामा करते हुए पथराव शुरू कर दिया था. इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने कई वाहनों को तोड़-फोड़ कर उसे आगे हवाले कर दिया.

बुलंदशहर हिंसा थी साजिश, राजनीतिक आधार खो चुके लोगों ने कराया बवाल: सीएम योगी

पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज किया जिसके जवाब में भीड़ में मौजूद लोगों ने फायरिंग शुरू कर दी. लोगों का कहना था कि स्याना के एक गांव के खेत में गोवंश मिलने के विरोध में लोगों ने जाम लगाया था. इसको लेकर पुलिस और भीड़ में संघर्ष हो गया. पुलिस ने गोहत्या के शक में प्रदर्शन कर रहे हजारों लोगों की भीड़ को तितर-बितर करने के लिए गोली चला दी. इसके बाद भीड़ आग बबूला हो गई और उसने चौकी पर हमला कर दिया. इस बवाल में इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की बेहद निर्मम तरीके से हत्या कर दी गई थी.

बुलंदशहर हिंसा: आर्मी जवान जीतू गिरफ्तार, SIT करेगी पूछताछ