लखनऊ: नगरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) के विरोध में दिल्ली की जामिया विश्वविद्यालय में जमकर बवाल के बाद उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी और लखनऊ के दारुल उलूम नदवातुल उलेमा (नदवा कॉलेज) में भी छात्रों ने जमकर प्रदर्शन किया. हालात के मद्देनजर जिलाधिकारियों और पुलिस कप्तानों की छुट्टियां अगले 7 दिन के लिए निरस्त कर दी गई हैं. योगी सरकार ने सख्त रुख अपनाते हुए पूरे प्रदेश में 31 दिसंबर तक धारा 144 लागू कर दी है. इसी क्रम में प्रदेश के मुख्य सचिव राजेंद्र तिवारी ने अब उप्र के सभी डीएम और एसपी की अगले 7 दिन तक की छुट्टियां निरस्त कर दी हैं.

तिवारी ने सभी डीएम और पुलिस कप्तानों को निर्देश दिया है कि अगले सात दिन तक कोई भी डीएम और एसपी-एसएसपी मुख्यालय नहीं छोड़ेंगे. एएमयू के बाद सोमवार को लखनऊ के नदवा कॉलेज में सोमवार को छात्रों ने जमकर प्रदर्शन किया. एएमयू में जहां छात्रों और पुलिस के बीच हुए संघर्ष के बाद 21 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि 56 लोग नामजद हैं. एएमयू छात्रों को छात्रावास खाली करने के कड़े निर्देश दिए गए हैं.

नदवा कॉलेज का गेट पुलिस ने बंद कर दिया है. अंदर से छात्रों ने नारेबाजी की और पथराव भी किया. उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक ओ.पी. सिंह ने बताया कि अलीगढ़, मेरठ और सहारनपुर में अगले आदेश तक इंटरनेट सेवाएं बंद रखने के आदेश दिए गए हैं. प्रदेश में लखनऊ की घटना को छोड़ फिलहाल शांति बनी हुई है.

अलीगढ़ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आकाश कुलहरि ने बताया कि 56 नामजद तथा कई अज्ञात छात्रों के खिलाफ मामला दर्ज किया है और 21 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. उन्होंने बताया कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में सोमवार सुबह से हालात बिल्कुल सामान्य हैं. एएमयू परिसर के बाहर भारी पुलिस बल तैनात है. एएमयू में पांच जनवरी तक छुट्टी घोषित कर दी गई है, इसलिए छात्रों ने छात्रावास खाली करना शुरू कर दिया है. एएमयू के प्रॉक्टर अफीफुल्लाह खान ने बताया कि किसी भी छात्र को छात्रावास में रहने की अब इजाजत नहीं है. सभी छात्रों से छात्रावास खाली करने को कहा गया है.

(इनपुट आईएएनएस)