Uttar Pradesh Diwas: उत्तर प्रदेश दिवस के मौके पर मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ (Yogi Adityanath) ने कहा कि यूपी के प्रति देश की धारणा बदल गई है. अब यूपी की पहचान दंगाग्रस्‍त, अपराधग्रस्‍त प्रदेश की नहीं, बल्कि बेहतर कानून व्‍यवस्‍था वाले राज्‍य के रूप में है. इसके मॉडल को देश के अन्‍य राज्‍य भी अपनाने में लगे हैं. Also Read - भारत के लिए 'सेक्युलरिज्म' शब्द सबसे बड़ा खतरा, इससे उबरना होगा: योगी आदित्यनाथ

अवध शिल्‍पग्राम में ‘उत्‍तर प्रदेश दिवस’ (UP Diwas) का उद्घाटन करने के बाद रविवार को आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए योगी आदित्‍यनाथ ने कहा, ‘हमने केवल पेशेवर अपराधी और माफ‍िया पर ही नहीं बल्कि खानदानी अपराधियों पर भी लगाम कसा है जिससे निवेश की संभावना बढ़ी है.’’ Also Read - UP: तीन साल की बच्‍ची का अपहरण कर पंजाब भागी बुआ, प्रेमी के साथ अरेस्‍ट

उत्‍तर प्रदेश स्‍थापना दिवस के चतुर्थ संस्‍करण पर शुभकामनाएं देते हुए योगी ने कहा कि भारत की संस्‍कृति और गौरवशाली परंपरा पर गर्व की अनुभूति होती है, उत्तर प्रदेश देश का हृदय स्‍थल कहलाता है और भारत की संस्‍कृति, सभ्‍यता और स्‍वाधीनता आंदोलन का केंद्र बिंदू भी रहा है. उन्होंने कहा कि अगर समाज के जिम्‍मेदार लोगों में अपनी परंपरा और संस्‍कृति को आगे बढ़ाने का भाव नहीं होता है तो समाज दिग्‍भ्रम की स्थिति में रहता है और इसी स्थिति ने प्रदेश को 70 वर्षों में भटकाव की दिशा में पहुंचा दिया. Also Read - UP: Mukhtar Ansari से जुड़े लोगों की प्रॉपर्टी को लखनऊ में ढहाना शुरू किया गया

उत्‍तर प्रदेश दिवस के आयोजन की कहानी बताते हुए योगी ने कहा, ‘2017 में जब यहां भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनी तो तत्‍कालीन राज्‍यपाल ने हम लोगों के सामने एक प्रस्‍ताव रखा कि देश के अधिकांश राज्‍य अपना स्‍थापना दिवस मनाते हैं और कार्यक्रम के साथ अपनी योजनाओं को आगे लाकर नई पीढ़ी के लिए एक अवसर प्रस्‍तुत करते हैं.’

योगी ने कहा, ‘जब मैंने कैबिनेट के सामने उत्‍तर प्रदेश दिवस मनाने का प्रस्‍ताव रखा तो सहर्ष सहमति मिली और यह आयोजन शुरू हुआ, तभी ‘एक जिला-एक उत्‍पाद’ (ओडीओपी) की अभिनव योजना की भी शुरुआत हुई. ओडीओपी देश की सबसे लोकप्रिय योजनाओं में एक है और आत्‍मनिर्भर भारत का जज्‍बा रखने वाली इस योजना के साथ प्रारंभ हुए उत्तर प्रदेश दिवस को प्रधानमंत्री ने भी सराहा.’’

समारोह में उप मुख्‍यमंत्री डॉक्‍टर दिनेश शर्मा ने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों में उत्‍तर प्रदेश के उद्योग धंधे चौपट हो गये थे लेकिन मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ की अगुवाई में अब विकास की गंगा बह रही है. उन्होंने कहा कि महराष्‍ट्र में ‘उप्र दिवस’ बहुत पहले से मनाया जा रहा है लेकिन उत्‍तर प्रदेश में इसकी शुरुआत तत्‍कालीन राज्‍यपाल राम नाईक की प्रेरणा से मुख्‍यमंत्री योगी ने कराई.

प्रदेश के लघु एवं मध्‍यम उद्यम एवं निर्यात प्रोत्‍साहन मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह‍ ने एक जिला-एक उत्‍पाद योजना की चर्चा करते हुए कहा कि इससे ग्रामीण अर्थव्‍यवस्‍था मजबूत हो रही है. उन्‍होंने दावा किया योगी के विकास मॉडल पर आने वाले समय में हार्वर्ड जैसे विश्‍वविद्यालय शोध करेंगे. इस मौके पर मुख्‍यमंत्री ने महिला व पुरुष खिलाड़ियों, उद्यमियों, युवाओं, दुग्‍ध उत्‍पादकों तथा किसानों को विभिन्‍न पुरस्‍कारों से सम्‍मानित किया.

समारोह में राज्य के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, नगर विकास मंत्री आशुतोष टंडन समेत कई मंत्री और वरिष्‍ठ अधिकारी मौजूद थे. उल्‍लेखनीय है कि 24 जनवरी 1950 को उत्‍तर प्रदेश की स्‍थापना हुई थी. पूर्व राज्‍यपाल राम नाईक की पहल पर ‘उत्‍तर प्रदेश दिवस’ की शुरुआत योगी आदित्‍यनाथ के नेतृत्‍व वाली भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने की थी. इस बार उत्‍तर प्रदेश दिवस का चौथा संस्‍करण मनाया जा रहा है.