लखनऊ: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के बयान पर सियासी घमासान थमने का नाम नहीं ले रहा है. बिहार के बाद अब यूपी में भी राजनीतिक दलों ने उनके बयान को लेकर तीखा प्रहार किया है. उत्‍तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मध्‍यप्रदेश के मुख्‍यमंत्री के बयान को दुर्भाग्‍यपूर्ण बताया है. साथ ही उन्‍होंने इसके लिए कांग्रेस अध्‍यक्ष राहुल गांधी से माफी मांगने को कहा है.Also Read - UP Elections 2022 Latest News: अखिलेश यादव ने ओमप्रकाश राजभर से हांथ मिलाकर किया गठबंधन, UP के मऊ से ग्राउंड रिपोर्ट | WATCH

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यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर ट्वीट कर कहा कि मध्य प्रदेश में कांग्रेस का बयान दुर्भाग्यपूर्ण है एवं कांग्रेस के विभाजन और विघटनकारी मंसूबों को प्रदर्शित करता है. राहुल गांधी को इसके लिए देश से माफ़ी मांगनी चाहिए. बता दें कि मध्‍यप्रदेश का मुख्‍यमंत्री बनते ही कमलनाथ ने कहा था कि मध्य प्रदेश के नौजवानों के हिस्से की नौकरी तो यूपी व बिहार के लोग ले जाते हैं. मैं उनकी आलोचना करना नहीं चाहता, लेकिन मध्य प्रदेश के नौजवान इसके कारण रोजगार पाने से वंचित रह जाते हैं.

कमलनाथ के बयान पर अखिलेश बोले, हम ऐसी बातें महाराष्ट्र से सुनते थे, अब मध्यप्रदेश से भी

बीजेपी प्रदेश अध्‍यक्ष ने बयान को निंदनीय बताया

कमलनाथ के बयान को लेकर यूपी में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष डा. महेन्द्र नाथ पांडेय ने पलटवार किया है. उन्‍होंने कमलनाथ द्वारा यूपी और बिहार के लोगों के कारण मध्य प्रदेश में बेरोजगारी बढ़ने संबंधी बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि कमलनाथ का बयान घोर निन्दनीय है. यह कांग्रेस के दोहरे चरित्र को उजागर करता है. उधर, अपना दल (सोनेलाल) की संरक्षक केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल ने भी कमलनाथ के बयान पर आपत्ति जताई है. उन्होंने कहा है कि यूपी-बिहार के युवाओं की वजह से मध्य प्रदेश के युवकों को नौकरी नहीं मिलने संबंधी बयान के लिए कमलनाथ देश से माफी मांगें.

कमलनाथ के बयान को गलत बताया

अखिलेश यादव ने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के बयान को गलत बताया कि बिहार और उत्तर प्रदेश के लोगों को नौकरियां देने से उनके राज्य के युवाओं को रोजगार से वंचित रहना पड़ता है. कहा कि हम ऐसी बातें महाराष्ट्र से सुनते थे. यह कहा जाता रहा है कि उत्तर भारतीय वहां क्यों आते हैं. ऐसी ही बात दिल्ली से आयी और अब मध्य प्रदेश से भी.