लखनऊ: देश में बढ़ते कोरोना वायरस के मामलों के बीच यूपी की सरकार ने संक्रमण को रोकने के लिए एक पहला प्रयोग शुरू किया है. यह है पूल टेस्‍ट. उत्तर प्रदेश कोविड-19 का पूल टेस्ट करने वाला देश का पहला राज्य बन गया है. गुरुवार को प्रदेश में 46 नए मामले सामने आने के साथ ही कोरोना संक्रमित व्यक्तियों का आंकड़ा बढ़कर 773 हो गया है. ये मामले यूपी के 48 जिलों से आए हैं. Also Read - International Flights August 4: वंदे भारत मिशन के तहत विदेश से आज आ रही हैं ये फ्लाइट्स, यहां करें चेक

स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव अमित मोहन प्रसाद ने गुरुवार को मिडियाकर्मियों को बताया कि प्रदेश में कोविड-19 का पूल टेस्ट शुरू कर दिया गया है. ऐसा करने वाला यह देश का पहला राज्य है. बुधवार को आगरा में 150 नमूनों को पांच- पांच के 30 पूल बनाकर जांचा गया. सबकी रिपोर्ट नेगेटिव प्राप्त हुई है. Also Read - Madhya Pradesh: राजधानी भोपाल में 10 दिन का लॉकडाउन खत्‍म, खुले बाजार

स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव ने कहा कि ये नमूने आगरा के कोरोना नियंत्रण क्षेत्र से बाहर के बफर जोन से मंगाए गए थे, ताकि यह पता चल सके कि क्या संक्रमण नियंत्रण क्षेत्र तक ही सीमित है, या फिर उसके बाहर भी पहुंचा है. आज से प्रदेश के अन्य जिलों में भी पूल टेस्ट शुरू कराए जाएंगे. Also Read - Delhi High Court में स्कूल ट्यूशन फीस को माफ कराने की याचिका पर आज सुनवाई

– प्रदेश में कोरोना संक्रमण के 46 नए मामले सामने
– राज्य में संक्रमित लोगों की कुल संख्या 773
– इनमें से अब तक 69 लोग पूरी तरह ठीक
– ये मामले 48 जिलों के हैं

संक्रमण प्रभावित जिले और मामले
– आगरा 10
-गाजियाबाद 7
– मेरठ 14
– नोएडा 24
– लखनऊ 6
– पीलीभीत2
– बरेली 2
– कानपुर-1
– शामली- 1
– लखीमपुर 1
– खीरी 1
– मुरादाबाद 1
– अभी तक इस बीमारी से 13 लोगों मौत हुई

स्‍वास्‍थ्‍य विभाग के मुताबिक ये है स्थिति
– प्रदेश में नमूनों और परीक्षण की संख्या लगातार बढ़ रही है
– बुधवार को भी 2615 नमूनों की जांच की गई
– 3000 से ज्यादा नमूने प्रयोगशालाओं को भेजे गए हैं
– अब प्रयोगशालाओं की संख्या और क्षमता बढ़ रही है
– 15 अप्रैल तक निगरानी और नियंत्रण की कार्रवाई 14.74 लाख घरों का सर्वेक्षण
– 4.74 लाख घरों से 72 लाख एक हजार 799 लोगों का सर्वेक्षण हुआ
– प्रयोगशालाएं बढ़ने से अब ज्यादा संख्या में नमूने एकत्र हो पा रहे हैं
– परीक्षण की संख्या जितनी ज्यादा बढ़ेगी, उतनी जल्दी मामले पकड़ में आएंगे और उतनी ही प्रभावी रोकथाम होगी

स्‍वास्‍थ्‍य विभाग प्रमुख सचिव ने बताया कि चिकित्सा शिक्षा विभाग अब कोरोना से मरने वालों का लेखा-जोखा तैयार करेगा, जिनकी इस संक्रमण के कारण मौत हुई है, उनका पूरा विवरण तैयार होगा, जिससे भविष्य में आने वाले प्रकरणों के इलाज में मार्गदर्शन मिल सके.