लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने कोविड-19 (Covid-19) से बचाव के प्रति जागरूकता फैलाने के लिये हर जिले के अस्पतालों, सरकारी कार्यालयों तथा थानों में ‘कोविड सहायता बूथ’ स्थापित करने का आदेश दिए हैं. गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव अवनीश कुमार अवस्थी ने यहां बताया कि मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी मंडलायुक्तों, पुलिस महानिरीक्षकों, उप महानिरीक्षकों को निर्देश दिए कि वे हर जनपद के जिला अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों, निजी अस्पतालों, तहसील तथा ब्लॉक कार्यालयों, जिला स्तरीय कार्यालयों तथा पुलिस थानों में कोविड सहायता बूथ स्थापित कराएं, ताकि लोगों को कोविड-19 के प्रति जागरूक किया जा सके. Also Read - Lockdown in Goa: क्या फिर से बंद होंगे गोवा के बीच और लगेगा लॉकडाउन?, जानें सीएम सावंत ने क्या कहा

अवनीश कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री ने इन सहायता बूथ में पल्स ऑक्सीमीटर, इंफ्रारेड थर्मामीटर और सेनेटाइजर की व्यवस्था करने को कहा है. यह काम तेजी से चल रहा है और कोशिश की जा रही है कि अगले तीन दिनों के अंदर पूरे प्रदेश में ऐसी सहायता बूथ्ए स्थापित कर ली जाएं. अवस्थी ने बताया कि जहां-जहां कोविड सहायता बूथ स्थापित किए जाएंगे, वहां इसके व्यापक प्रचार-प्रसार का निर्देश दिया गया है. सूचना विभाग से कहा गया है कि हर जिले में जहां भी प्रचार की जरूरत है, वहां व्यापक कदम उठाये जाएं. ‘दो गज की दूरी, मास्क पहनना है जरूरी’ नारे का ज्यादा से ज्यादा प्रचार किया जाए. Also Read - Unknown Pneumonia Virus: कोरोना से नहीं इस नई बीमारी से टेंशन में है चीन, कजाकिस्तान में रहने वाले अपने नागरिकों को किया सावधान

अपर मुख्य सचिव ने बताया कि प्रदेश में इस समय रोजाना 16 हजार से ज्यादा नमूनों की कोविड-19 जांच की जा रही है. इसे बढ़ाकर 25 हजार प्रतिदिन किये जाने की व्यवस्था की जा रही है. उन्होंने बताया कि कल से राजस्व न्यायालय खुल रहे हैं. मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये हैं कि राजस्व से सम्बन्धित संवेदनशील मामलों को वरीयता से निपटाया जाये. राजस्व न्यायालयों में भी कोविड से बचने की तमाम व्यवस्थाएं होनी चाहिये. Also Read - बांग्ला फिल्म अभिनेत्री कोयल मलिक समेत पूरा परिवार कोरोना वायरस से संक्रमित

अवस्थी ने बताया कि अभी तक करीब 1,656 रेलगाड़ियां प्रवासी श्रमिकों को लेकर प्रदेश में आ चुकी हैं. आज भी हिमाचल प्रदेश और तमिलनाडु से एक-एक ट्रेन आ रही है. प्रदेश के बाहर के श्रमिकों को लेकर करीब 56 रेलगाड़ियां जा चुकी हैं. आज भी दो ट्रेनें जा रही हैं.