लखनऊ: आगामी चुनाव को देखते हुए उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष एवं विधान परिषद के पूर्व सदस्य सिराज मेंहदी ने अब तक महागठबंधन की रूप रेखा स्पष्ट न हो पाने को लेकर चिंता जताई है. उनका कहना है कि लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी के रथ को रोकने के लिए समान एवं धर्मनिरपेक्ष विचारधारा की पार्टियों को अब एक मंच पर आने में देरी नहीं करनी चाहिए. Also Read - WB Assembly Election: बंगाल चुनाव में एक और क्रिकेटर की एंट्री, मनोज तिवारी गए TMC में, तो अशोक डिंडा बने भाजपाई

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उनका कहना है कि महागठबंधन बनने में यह देरी उनकी रणनीति को कमजोर कर देगी. मेंहदी ने कहा कि कुछ राजनीतिक दलों के गैर जिम्मेदाराना निर्णय न केवल भाजपा विरोध की रणनीति को कमजोर कर रहे, बल्कि महागठबंधन की विश्वसनीयता पर भी संकट पैदा कर रहे हैं. उन्होंने कहा, ‘कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी सांप्रदायिक शक्तियों के विरोध के नाम पर पूरे देश में विपक्षी दलों को एक साथ लाने का लगातार प्रयास कर रहे हैं. आम चुनावों में भाजपा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को साझा चुनौती देने की कोशिशें कामयाब भी हो रही हैं. गैर भाजपा दलों के शीर्ष नेताओं को जल्द से जल्द महागठबंधन को आकार दे देना चाहिए, इसमें देरी हमारे एजेंडे को विफल कर देंगी’.

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जमीनी कार्यकर्ता भी असमंजस में

मेंहदी ने कहा कि अभी हालिया आए बसपा प्रमुख मायावती और सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बयान पर कांग्रेस पार्टी को तुरंत विचार कर स्थिति को स्पष्ट करना चाहिए. यह बात करने का फर्ज बड़ी पार्टी के नाते कांग्रेस का बनता है और विपक्ष भी यही पैगाम बार-बार दे रहा है. वहीं गैर भाजपा दल अभी नीति-रीति और तौर तरीकों में उलझे हैं. अनिर्णय की स्थिति में जमीनी कार्यकर्ता भी असमंजस में हैं कि उन्हें किस प्रकार से कार्य करना है.

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राष्ट्रहित में कदम बढ़ाना होगा

मेहंदी ने कहा कि गैर भाजपा दलों को भय से खौफजदा होने की बजाए राष्ट्रहित में आगे कदम बढ़ाना होगा, तभी अहंकारी केंद्र सरकार और उसके प्रधानमंत्री को शिकस्त दी जा सकेगी. कांग्रेस नेता ने कहा कि भाजपा तेजी से लोकसभा चुनाव की तैयारी और उम्मीदवारें के बारे में निर्णय लेकर उन्हें मैदान में भेज रही है. उन्होंने यह भी कहा कि गैर भाजपा पार्टियों को राजनीतिक एवं दूसरे हितों को प्राथमिकता देने की बजाय महागठबंधन को मजबूत करने तथा भाजपा को पराजित करने की दिशा में युद्ध स्तर पर काम शुरू करना चाहिए.

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(इनपुट एजेंसी)