लखनऊ: उत्‍तर प्रदेश के देवरिया जिले के एक आवासीय विद्यालय की दो छात्राओं ने आरोप लगाया है कि शौचालय साफ करने से इनकार करने पर उन्हें स्कूल से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया. आरोप है कि हॉस्टल की वार्डन ने उन्हें शौचालय साफ करने को कहा था. अधिकारियों ने घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं.Also Read - UP Elections 2022: BJP ने पहली ही लिस्‍ट में दिखाया OBC मैनेजमेंट, विरोधियों के आरोपों का क्‍या हुआ?

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जानकारी के मुताबिक, देवरिया जिले के रामपुर कारखाना के कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय की छात्रा सलीमा और नाफरीन को वार्डन श्रुति मिश्रा ने सोमवार की शाम सजा के तौर पर घर जाने के लिए कहा, जिसके बाद उन्होंने पढ़ाई छोड़ दी. बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) संतोष देव पांडे ने बताया कि इस बाबत जांच के आदेश दे दिए गए हैं और उस हिसाब से कदम उठाए जाएंगे.

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टॉयलेट साफ करने को मजबूर करती थी वार्डन

कक्षा सातवीं की छात्रा सलीमा और कक्षा छह की छात्रा नाफरीन रामपुर पुलिस थानाक्षेत्र के तहत आने वाले सानी पट्टी इलाके की रहने वाली हैं और उनके पिता मजदूर हैं. छात्राओं ने बताया कि वार्डन उन्हें शौचालय साफ करने पर मजबूर करती थीं और जब भी वह पढ़ना चाहती थीं तो उनसे खराब ढंग से पेश आती थीं. तब उन्होंने तंग आकर कहा कि अब और शौचालय साफ नहीं करेंगे जिसपर उन्हें बाहर कर दिया गया.