लखनऊ: उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि प्रदेश को जल्द ही 28 नए निजी विश्वविद्यालय मिलेंगे. साथ ही प्रदेश में 51 राजकीय महाविद्यालयों की स्थापना की जा रही है. उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा बुधवार को पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे. उन्होंने कहा कि यूपी को मिलेंगे 28 निजी विश्वविद्यालय व 51 राजकीय महाविद्यालय जल्द मिलने जा रहे हैं. कहा कि कौशल विकास जैसी विधाओं में भी विश्वविद्यालय देखने को मिलेंगे. Also Read - क्या Uttar Pradesh में भी शराब पर लगेगी पाबंदी? जानें CM योगी ने क्या कहा...

उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि कोरोना संक्रमण के दौरान ऑनलाइन पढ़ाई बेहतरीन विकल्प के रूप में सामने आई. कोरोना काल खंड के दौरान ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अपेक्षा के अनुसार प्रदेश में उच्च शिक्षा हासिल कर रहे छात्र-छात्राओं उत्कृष्ट श्रेणी की पाठ्य सामग्री ऑनलाइन उपलब्ध कराने के लिए उच्च शिक्षा डिजिटल लाइब्रेरी का लोकार्पण किया गया. इसमें 23 विश्वविद्यालयों के विशेषज्ञों व 1700 शिक्षाविदों व तकनीकी विशेषज्ञों के योगदान से 73468 से अधिक ई कंटेंट पोर्टल पर छात्रों को निशुल्क उपलब्ध कराई गई है. Also Read - Uttar Pradesh Diwas: सीएम योगी ने कहा- यूपी के प्रति बदली देश की भावना, दूसरे राज्य भी अपना रहे हमारे प्रदेश का मॉडल

डिजिटल लाइब्रेरी में हिन्दी व अंग्रेजी भाषाओं में 134 विषयों के एक लाख ई कंटेंट मौजूद हैं. डॉ दिनेश शर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालयों के मध्य प्रतिस्पर्धा का वातावरण बनाने के लिए 28 निजी विश्वविद्यालयों की स्थापना के लिए आशय पत्र निर्गत किए जा चुके हैं. डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि छात्रों की वार्षिक परीक्षाएं मार्च व अप्रैल में कराए जाने पर विचार किया जा रहा है. Also Read - यूपी में अब एक क्लिक पर मिलेगी रोजगार की जानकारी, युवाओं को नहीं पड़ेगा भटकना

डॉ. दिनेश शर्मा ने बताया कि प्रदेश सरकार की डिजिटल लाइब्रेरी की कामयाबी का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि आईआईटी खड़गपुर की नेशनल डिजिटल लाइब्रेरी ऑफ इंडिया ने प्रदेश सरकार को पार्टनरशिप का प्रस्ताव भेजा है. उन्होंने कहा कि देश भर के छात्रों को उत्कृष्ट शैक्षिक पाठय सामग्री उपलब्ध कराने के लिए उच्च शिक्षा की डिजिटल लाइब्रेरी व नेशनल डिजिटल लाइब्रेरी ऑफ इंडिया आईआईटी खड़गपुर के मध्य पार्टनरशिप हेतु उच्च शिक्षा विभाग को सहमति दे दी गई है.

उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि आजमगढ़, सहारनपुर, अलीगढ़ में राज्य विश्वविद्यालयों की स्थापना के बाद प्रदेश विकास की नई बुलंदियों को छुएगा. उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों की स्थापना का कार्य तेजी से किया जा रहा है. इसमें राजा महेन्द्र प्रताप सिंह राज्य विश्वविद्यालय अलीगढ़ की स्थापना के लिए 27.282 हेक्टेयर भूमि उपलब्ध हो चुकी है. निर्माण कार्य मद में 2000 लाख का प्रावधान किया गया है.

इसके अलावा 1000 लाख रुपए की धनराशि निर्माण कार्य के लिए डॉ भीम राव अम्बेडकर विश्वविद्यालय आगरा को प्रदान की गई है. वहीं, सहारनपुर राज्य विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए कृषकों की 17.598 हेक्टेयर जमीन क्रय करने के लिए 19 करोड़ 22 लाख रुपए से अधिक की धनराशि निर्गत की जा चुकी है.

चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ द्वारा सहारनपुर राज्य विश्वविद्यालय के भवनों के निर्माण के लिए 100 करोड़ रुपए की धनराशि दी जा चुकी है. वहीं, आजमगढ़ राज्य विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए आयुक्त आजमगढ़ मण्डल ने 38 एकड़ सरकारी भूमि आवंटित की है. विश्वविद्यालय के लिए चिन्हित स्थल तक पहुंचने के लिए 4.7330 हेक्टेयर (11.70 एकड़) भूमि कृशकों से कुल रेट के चार गुना दर पर क्रय की गयी है. कृशकों की भूमि क्रय के लिए कुल 19 करोड़ 13 लाख रुपए से अधिक का भुगतान किया जा चुका है.

दिनेश शर्मा ने कहा कि सिद्धार्थनगर कपिलवस्तु में इंटरनेशनल बुद्धिस्ट सेंटर एवं सेंटर फॉर एक्सीलेंस इन हिन्दुइज्म, बुद्धिइज्म एवं जैनिज्म की स्थापना की जा रही है. इससे हिन्दुइज्म में शोध को बढ़ावा मिलेगा. सिद्धार्थ विश्वविद्याल के इंटरनेशनल बौद्धिस्ट सेंटर के लिए 21 शैक्षणिक एवं 24 शिक्षणेत्तर पदों का सृजन किया गया है. उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि प्रदेश के विश्वविद्यालयों में भारतीय भाषाओं, लोक कला व लोक विद्याओं को बढ़ाने का काम भी किया जा रहा है.