UP की योगी सरकार के मंत्री का बयान, मैं BJP में हूं और रहूंगा, मैं पार्टी नहीं छोड़ रहा हूं

यूपी के मंत्री धर्म सिंह सैनी ने कहा- मुझे पता चला है कि स्वामी प्रसाद मौर्य ने उन विधायकों की सूची दी है जो भाजपा छोड़कर समाजवादी पार्टी में शामिल हो रहे हैं और मेरा नाम भी उस सूची में है

Published: January 11, 2022 7:09 PM IST

By Laxmi Narayan Tiwari

UP Assembly elections 2022, UP Elections 2022, UP Assembly election 2022, UP election 2022 Uttar Pradesh Assembly Elections 2022, Assembly Elections 2022, UP, BJP, Samajwadi Party, Swami Prasad Maurya, UP, UP POLITICS, UP Minister, Dharam Singh Saini,
यूपी के मंत्री धरमपाल सैनी ने अपने इस्‍तीफे की खबरों को लेकर सफाई दी है.

UP Elections 2022, UP Assembly election 2022, UP NEWS: उत्‍तर प्रदेश में यूपी की योगी सरकार की कैबिनेट से मंत्री स्‍वामी प्रसाद मौर्य का इस्‍तीफा देने के बाद कुछ बीजेपी के विधायकों ने भी स्‍वामी के साथ जाने के लिए पार्टी से दो विधायकों ने इस्‍तीफे की घोषणा की है. सियासी पालाबदल की खबरों के बीच कहा जा रहा है कि स्‍वामी प्रसाद मौर्य ने बीजेपी छोड़कर समाजवादी पार्टी में शामिल होने वाले विधायकों की एक सूची दी है. इस खबर के आने के बाद यूपी मंत्री धरम सिंह सैनी ने इस बात से इनकार किया है कि वह भाजपा छोड़कर सपा में शामिल हो रहे हैं.

Also Read:

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्‍यनाथ की सरकार में आयुष विभाग, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के राज्य मंत्री (स्वतन्त्र प्रभार) ने डॉ. धरम सिंह सैनी ने कहा, मुझे पता चला है कि स्वामी प्रसाद मौर्य ने उन विधायकों की सूची दी है जो भाजपा छोड़कर समाजवादी पार्टी में शामिल हो रहे हैं और मेरा नाम भी उस सूची में है. मैं बीजेपी में हूं और रहूंगा. मैं पार्टी नहीं छोड़ रहा हूं.

बांदा जिले के तिंदवारी विधायक, शाहजहांपुर के तिलहर MLA ने BJP से इस्तीफा दिया

उत्तर प्रदेश सरकार के श्रम एवं सेवायोजन मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के इस्तीफे के बाद बांदा जिले के तिंदवारी विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक बृजेश कुमार प्रजापति और शाहजहांपुर जिले के तिलहर से भाजपा विधायक रोशन लाल वर्मा ने भी मंगलवार को पार्टी से इस्तीफा दे दिया. ऐसा माना जाता है कि प्रजापति मौर्य के खेमे के हैं. प्रजापति ने 2012 का चुनाव बसपा के टिकट पर लड़ा था, लेकिन हार गए थे. वह 2017 के विधानसभा चुनाव के पहले मौर्य के साथ ही बसपा से इस्तीफा देकर भाजपा में शामिल हुए थे. शाहजहांपुर से मिली सूचना के अनुसार, रोशन लाल वर्मा ने भाजपा पर दलितों, पिछड़ों और वंचितों की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए त्यागपत्र दिया है.

यूपी विधानसभा चुनाव की घोषणा होने के चौथे ही दिन मौर्य ने त्यागपत्र भेजा

उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव कार्यक्रम की घोषणा होने के चौथे ही दिन मंगलवार को राज्य सरकार के श्रम एवं सेवायोजन मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया. मौर्य ने अपना त्यागपत्र राज्यपाल को भेजा है. मौर्य समाजवादी पार्टी (सपा) में शामिल होंगे. मंगलवार को त्यागपत्र देने के बाद मौर्य के साथ सपा प्रमुख और प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अपनी तस्‍वीर ट्विटर पर साझा की और सपा में उनका स्वागत किया.मौर्य के त्यागपत्र की प्रति आज दोपहर बाद सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुई है.

लिखा- घोर उपेक्षात्मक रवैये के कारण मंत्रिमंडल से इस्तीफा देता हूं

राज्यपाल को संबोधित त्यागपत्र में मौर्य ने लिखा है, मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ के मंत्रिमंडल में श्रम, सेवायोजन एवं समन्वय मंत्री के रूप में विपरीत परिस्थितियों व विचारधारा में रहकर भी बहुत ही मनोयोग के साथ उत्तरदायित्व का निर्वहन किया है, किंतु दलितों, पिछड़ों, किसानों, बेरोजगार नौजवानों और छोटे- लघु एवं मध्यम श्रेणी के व्यापारियों के प्रति घोर उपेक्षात्मक रवैये के कारण उत्तर प्रदेश के मंत्रिमंडल से इस्तीफा देता हूं.

भाजपा सरकार ने बहुतों को झटका दिया, मैं उसे उसे झटका दे रहा हूं तो इसमें नया क्या है

इस्तीफा देने के बाद मौर्य ने पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कहा, ‘भाजपा (भारतीय जनता पार्टी) नीत सरकार ने बहुतों को झटका दिया है और अगर मैं मंत्रिमंडल से इस्तीफा देकर उसे झटका दे रहा हूं तो इसमें नया क्या है. भाजपा छोड़ने की वजह पूछने पर उन्होंने कहा, ‘मैंने उत्तर प्रदेश के राज्यपाल को भेजे हुए पत्र में उन सभी कारणों का उल्‍लेख किया है जिनके कारण भाजपा और मंत्रिमंडल से इस्‍तीफा दे रहा हूं. ‘एक सवाल के जवाब में उन्‍होंने कहा, ” भाजपा के जिस नेता ने मुझसे बातचीत की उनसे मैंने ससम्‍मान बातचीत की. मैंने आज भी सुबह उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा और बंसल (सुनील बंसल, प्रदेश महामंत्री संगठन) से बात की. उन्‍होंने कहा ‘मेरी नाराजगी स्‍वाभाविक है, पार्टी के उपेक्षात्‍मक रवैये के कारण यह निर्णय लेना पड़ा है और मुझे इसका दुख नहीं है. नाराजगी की वजह जहां बतानी थी, बता दिया.

मेरे इस्‍तीफे का असर चुनाव के परिणाम के बाद आपको नजर आएगा

इस्तीफे से भाजपा पर असर के संबंध में सवाल करने पर मौर्य ने कहा, ‘मेरे इस्‍तीफे का असर 2022 के विधानसभा चुनाव के परिणाम के बाद आपको नजर आएगा. 10 मार्चको जो भी होगा, आपके सामने होगा. बेटा-बेटी को सपा से टिकट मिलने के सवाल पर उन्‍होंने कहा, ”बात बेटा-बेटी की नहीं, विचारधारा की है. मैं (डॉक्टर भीम राव) आंबेडकर की विचारधारा का हूं और पांच सालतक पीड़ा में भाजपा में कठिन परिस्थितियों में काम किया.

अखिलेश यादव का ट्वीट- सामाजिक न्याय का इंकलाब होगा

मौर्य ने दावा किया कि अगले एक-दो दिन में भाजपा के और कई विधायक पार्टी का हाथ छोड़ेंगे. मौर्य के त्यागपत्र के बाद अखिलेश यादव ने मंगलवार को ट्वीट किया, सामाजिक न्याय और समता-समानता की लड़ाई लड़ने वाले लोकप्रिय नेता स्वामी प्रसाद मौर्य एवं उनकेसाथ आने वाले अन्य सभी नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों का सपा में ससम्मान हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन! सामाजिक न्याय का इंकलाब होगा- बाइस में बदलाव होगा.

केशव प्रसाद मौर्य ने कहा- उनसे अपील है कि बैठकर बातें करें

गौरतलब है कि पिछले विधानसभा चुनाव से पहले स्‍वामी प्रसाद मौर्य ने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) का विधायक दल का नेता रहते हुए अचानक त्यागपत्र देकर भाजपा का दामनथाम लिया था. मौर्य को भाजपा ने पिछड़ों के प्रमुख नेता के रूप में आगे किया था और मंगलवार को उनके इस कदम से भाजपा के खेमे में खलबली की स्थिति है. प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने मंगलवार को ट्वीट किया, आदरणीय स्‍वामी प्रसाद मौर्य ने किन कारणों से इस्तीफा दिया है मैं नहीं जानता. उनसे अपील है कि बैठकर बातें करें जल्दबाजी में लिए हुए फैसले अकसर गलत साबित होते हैं.’ (इनपुट: भाषा)

ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें. India.Com पर विस्तार से पढ़ें देश की और अन्य ताजा-तरीन खबरें

Published Date: January 11, 2022 7:09 PM IST