लखनऊ: प्रदेश की राजधानी पुलिस अपनी कारगुजारियों से बाज नहीं आ रही है. लखनऊ पुलिस की नकारात्मक छवि पर अभद्रता का एक और तमगा उस वक्त लगा जब साधारण चेकिंग के दौरान यूपी पुलिस के सिपाही ने एक युवती की नाक पर डंडा मारकर उसे घायल कर दिया और इसे अपना अधिकार बताया. हालांकि यह मामला जब प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के समक्ष आया तो उनकी त्यौरियां चढ़ गईं. उन्होंने युवती की नाक पर डंडा मारे जाने के मामले को बेहद गंभीरता से लिया है. सीएम योगी के निर्देश पर इस घटना से जुड़े दो सिपाहियों को तत्काल निलंबित कर दिया गया है और मामले की विस्तृत जांच रिपोर्ट मांगी है. इस प्रकरण की जांच एएसपी चक्रेश मिश्र को सौंपी गई है. Also Read - WhatsApp ने Privacy & Policy तीन महीने के लिए टाली, लोगों की नाराजगी का असर

वाकया गोमती नगर क्षेत्र में जनेश्वर मिश्र पार्क के पास बीते मंगलवार का है जब चेकिंग के दौरान सिपाही ने प्रगति सिंह नामक युवती के चेहरे पर डंडा मारा था, जिससे ने प्रगति की नाक पर चोट आई थी. गोमतीनगर निवासी प्रगति रोटरी इंटरनेशनल के पत्रकारपुरम स्थित कार्यालय में जॉब करती हैं. मंगलवार शाम ऑफिस से वह अपने कलीग रिचांक तिवारी के साथ बाइक से जा रही थी. इसी दौरान जनेश्वर मिश्र पार्क के गेट नंबर दो के सामने वाहन चेकिंग कर रही लखनऊ पुलिस ने उनकी बाइक रोकी व बाइक रोकने के साथ ही वहां मौजूद सिपाही अंकित नागर ने डंडा चला दिया, जो पीछे बैठी प्रगति की नाक पर जा लगा, जिससे उसकी नाक से खून बहने लगा. वह बेहोश होकर नीचे गिर पड़ी.

युवती का आरोप है कि चोट लगने के बाद पुलिसकर्मियों ने उसकी मदद नहीं की, उल्टा अभद्रता की और डंडा मारने को अपना अधिकार बताया. हालांकि इस घटना के बाद वहां मौजूद अन्य पुलिस कर्मियों ने आनन-फानन में घायल युवती को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया.

इस मामले को प्रदेश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेहद गंभीरता से लिया है. प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने इस बाबत जानकारी देते हुए बताया कि बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संज्ञान में ये प्रकरण आते ही उन्होंने तत्काल इस घटना से संबंधित दोनों सिपाहियों को निलंबित करने के निर्देश दिए थे, जिसका अनुपालन किया गया है. इस प्रकरण की जांच एएसपी चक्रेश मिश्रा करेंगे.