लखनऊ : यूपी एटीएस ने उत्तराखंड पुलिस और मिलिट्री इंटेलिजेंस के साथ मिलकर एक संयुक्त अभियान में आईएसआई के जासूस रमेश सिंह को गिरफ्तार किया है. एडीजी कानून-व्यवस्था आनंद कुमार ने बताया कि आईएसआई एजेंट को मिलिट्री इंटेलिजेंस कश्मीर यूनिट ने पिथौरागढ़ से  गिरफ्तार किया है जहां वो एक सैन्य अधिकारी के निजी सहायक के तौर पर कार्यरत था. कुछ समय पूर्व फैजाबाद से पकड़े गए आफताब नाम के आतंकी से पूछताछ में पुलिस को कई अहम जानकारियां मिली थी. इन जानकारियों में एटीएस को पता लगा कि सेना के अधिकारियों के साथ निजी सहायक के रूप में रहने वाला एक शख्श जिसका नाम रमेश सिंह है वो आईएसआई के लिए काम करता है. Also Read - काबुल में आतंकी ने गुरुद्वारे में घुसकर हमला किया, चार की मौत

2 साल पकिस्तान रह कर आया था एजेंट
एडीजी एलओ आनंद कुमार ने लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए मीडिया को जानकारी दी. आफताब से मिली सूचना के बाद उत्तर प्रदेश एटीएस, उत्तराखंड पुलिस और मिलिट्री इंटेलिजेंस के साथ संयुक्त कार्रवाई में रमेश सिंह को उत्तराखंड के पिथौरागढ़ से मिलिट्री इंटेलिजेंस की कश्मीर यूनिट ने गिरफ्तार कर लिया. पकड़े गए आईएसआई एजेंट ने पूछताछ में बताया कि वो इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग में दो साल रहा जहां वो पाकिस्तान की ख़ुफ़िया एजेंसी आईएसआई के संपर्क में आया. उसने बताया कि वो जिस अधिकारी का निजी सहायक था, उसकी सभी जानकारियां आईएसआई को मोबाइल फोन के जरिए देता था. वो फोन भी उसे पकिस्तान कि ख़ुफ़िया एजेंसी ने दिया था. आनंद कुमार ने बताया कि वो मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया गया है. इस मोबाइल फोन की फोरेंसिक जांच के बाद और भी कई जानकारियां मिलने की उम्मीद है. Also Read - दो बीजेपी प्रवक्ताओं ने मुझे ISI, 26/11 से जोड़ा, मैं उन पर मानहानि का दावा करूंगा: दिग्विजय सिंह

पैसों के लालच में बना आईएसआई एजेंट
पूछताछ में आईएसआई एजेंट रमेश सिंह ने बताया कि वो 2 साल पाकिस्तान में रहकर आया था. रमेश सिंह के मुताबिक उस पर बहुत कर्ज था. पैसों के लालच में वो आईएसआई के लिए काम करता था. पाकिस्तान प्रवास के दौरान आईएसआई ने उसे 1300 अमेरिकी डॉलर दिए थे, जिससे उसने अपना कर्ज चुकाया था. वो सेना के एक बड़े अफसर के साथ निजी सहायक बनकर पाकिस्तान गया था. पाकिस्तान प्रवास के दौरान ही वो आईएसआई के संपर्क में आकर एजेंट बना और पाकिस्तान में रहते हुए ही आईएसआई के लिए काम किया. वो 2 साल तक भारतीय सेना के अफसर की जासूसी करता रहा.  आईएसआई एजेंट से अब तक की पूछताछ में ये सारी जानकारियाँ सामने आई हैं. एजेंट को रिमांड पर लेकर आगे की  पूछताछ की जाएगी. एडीजी ने कहा कि अभी आगे की पूछताछ में और भी कई अहम खुलासे होने की  सम्भावना है. Also Read - यूएस में सीएए के खिलाफ प्रदर्शन में घुस आए थे पाक समर्थक: भारतीय-अमेर‍िकी नेता