मुंबई: कानपुर में आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के आरोपियों में से एक अरविंद उर्फ गुड्डन त्रिवेदी भी गिरफ्तार कर लिया गया है. मारे गए गैंगस्टर विकास दुबे के इस गुर्गे और उसके ड्राइवर को ठाणे में आतंकवाद रोधी दस्ते ने धर दबोचा है. एटीएस की जुहू (मुंबई) यूनिट ने यह गिरफ्तारी की. एक अधिकारी ने बताया, एटीएस इंस्पेक्टर दया नायक को शनिवार को खुफिया जानकारी मिली कि ये दोनों मुंबई या ठाणे में छिपने के लिए जगह तलाश रहे हैं. तब इन्हें पकड़ने के लिए जाल बिछाया गया. Also Read - Maharashtra Covid-19 Update: महाराष्ट्र में कोरोना वायरस संक्रमण के 12,248 नए मामले, 390 लोगों की मौत

जानकारी के अनुसार, गुड्डन (46) और उसका ड्राइवर सुशील कुमार उर्फ सोनू सुरेश तिवारी (30) जाल में फंसकर ठाणे के व्यस्त कोलशेट रोड पर एक स्थान पर पहुंच गए. तभी वहां उनका इंतजार कर रही एटीएस की जुहू टीम ने उन्हें दबोच लिया. प्रारंभिक जांच के अनुसार, गुड्डन त्रिवेदी, विकास दुबे के साथ कई गंभीर मामलों में शामिल रहा है, जिसमें 2001 में उत्तर प्रदेश के मंत्री संतोष शुक्ला की हत्या का मामला भी शामिल है. इस मामले के लिए उप्र सरकार ने इनाम की घोषणा भी की थी. Also Read - Covid-19 Cases in Maharashtra: एक दिन में महाराष्ट्र में आए कोरोना के 12,822 नए मामले, कुल मामले 5 लाख के पार हुए

गुड्डन और तिवारी कानपुर के बिकरू गांव में हुई तीन जुलाई की घटना के बाद से फरार थे. बिकरू गांव में विकास दुबे और उसकी टीम ने पुलिस टीम पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाकर आठ पुलिस कर्मियों की हत्या कर दी थी. बाद में विकास दुबे मध्य प्रदेश के उज्जैन में प्रसिद्ध महाकाल मंदिर से पकड़ा गया. कानपुर ले जाने के दौरान रास्ते में भागने के प्रयास में विकास पर उप्र पुलिस ने गोली चलाई और वह मारा गया. Also Read - SS Rajput death case: महाराष्‍ट्र सरकार ने SC को सौंपा सीलबंद लिफाफा, 11 अगस्‍त को सुनवाई

पुलिस तीन जुलाई के बाद से ही उसके पूरे गिरोह की तलाश में जुटी थी. विकास दुबे के एनकाउंटर के 24 घंटे बाद उसके साथी गुड्डन और ड्राइवर को मुंबई एटीएस ने गिरफ्तार कर लिया. एक पुलिस अधिकारी के अनुसार, जल्द ही यहां औपचारिकताओं को पूरा करने के बाद इन दोनों को उत्तर प्रदेश ले जाने की संभावना है.