लखनऊ: बसपा सुप्रीमो मायावती ने केंद्र सरकार पर संयुक्त सचिव पद पर सीधी भर्ती को लेकर निशाना साधा है. उन्होंने सरकार के इस फैसले को उसकी विफलता बताया है. उन्होंने कहा कि बिना यूपीएससी के प्राइवेट तौर पर लोगों की सीधे भर्ती करना खतरनाक प्रवृत्ति है. अपनी विफलता छिपाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ऐसा कर रहे हैं.

बता दें कि केंद्र सरकार केंद्र में संयुक्त सचिव पद के लिए सीधे भर्ती करने का फैसला लिया है. केंद्र के इस फैसले के आलोचना हो रही है. विपक्षी इसे पीएम की असफलता बता रहे हैं. विपक्षी दलों का कहना है कि जब इतने काबिल अफसर मौजूद हैं तो इस तरह से भर्ती करने की क्या ज़रूरत है. पहले इन पदों पर यूपीएससी क्वालीफाई करने वाले ही भर्ती किए जाते थे. इस पर मायावती ने कहा कि संयुक्त पद पर बाहरी व्यक्ति को संयुक्त सचिव पद पर बैठा देना व्यवस्था का मजाक उड़ाने जैसा है. इससे भ्रष्टाचार बढ़ने की पूरी आशंका है. बाहरी लोग प्रभाव के बल पर यहां तक पहुंच सकते हैं. उन्होंने कहा कि ऐसा किस मकसद से किया जा रहा है, केंद्र सरकार को बताना चाहिए.

यूपी में जंगलराज
इसके साथ ही मायावती ने डॉ. कफील के भाई पर हमले की निंदा की. उन्होंने कहा कि प्रदेश में जंगलराज है. आए दिन हिंसा हो रही है. उन्होंने कहा कि यूपी में क़ानून व्यवस्था का राज नहीं रह गया है. प्रदेश सरकार को अपराधों से निपटना चाहिए.