एटा: उत्तर प्रदेश के एटा जिले में दलितों के साथ भेदभाव का मामला सामने आया है. दलित युवक की शादी के दौरान निकालने पर दलितों के ऊपर हमला किया गया. हमले में 10 बाराती घायल हो गए. इन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है. दलितों का कहना है कि गांव के उच्च जाति के कुछ लोगों ने उन पर ये कहते हुए हमला किया कि गांव में 75 सालों से कोई बरात नहीं निकली है, इसलिए अब भी नहीं निकलेगी. मामले में अब तक रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई है. Also Read - Mumbai में UP के CM योगी से शिवसेना ने बॉलीवुड और Film City के प्‍लान को लेकर किया सवाल

मामला उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले का है. बताया जा रहा है कि बेवर इलाके के एक गांव में बरात आई थी. दलित समाज की एक युवती की शादी थी. बैंड बाजे के साथ बरात निकल रही थी. इसी दौरान गांव के कुछ लोगों ने उन पर हमला कर दिया. हमले में 10 बराती घायल हो गए. दलितों ने बताया कि उन्हें बरात चढ़ाने से रोका गया. जब नहीं माने तो हमला कर दिया. हमला करने वालों का कहना था कि पिछले 75 सालों से दलितों की कोई बरात गांव में नहीं निकली, इसलिए अब भी नहीं निकलेगी.

घायल हुए दलितों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. दलितों का आरोप है कि हमला करने वाले और थाना इंचार्ज एक ही जाति के थे, इसलिए शिकायत के बाद भी उनकी शिकायत नहीं सुनी गई. वहीँ, इस मामले में एसओ वरुण कुमार ने कहा कि उन्हें घटना की जानकारी मिली थी, लेकिन कोई तहरीर नहीं दी गई. जांच के बाद कड़ी कार्रवाई की जाएगी.