नई दिल्‍ली: कोरोना वायरस के चलते लॉकडॉउन में देश के विभिन्‍न राज्‍यों में फंसे प्रवासी मजदूरों को स्‍पेशल ट्रेन का किराया नहीं देना होगा. मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने गुरुवार इस संबंध में अधिकारियों को निर्देश दिए हैं. मुख्‍यमंत्री ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि जो मास्‍क नहीं पहने, उन पर 100 रुपए का फाइन भी लगाया जाए. Also Read - दिल्ली-एनसीआर में रहने वालों के लिए एकीकृत व्यवस्था हो: सुप्रीम कोर्ट

गृह मंत्रालय एवं सूचना विभाग के अतिरिक्‍त मुख्‍य सचिव ने अवनीश कुमार अवस्‍थी ने कहा कि सीएम ने तय किया है कि राज्‍य के अनुरोध पर विशेष ट्रेनों से आ रहे प्रवासी श्रमिकों से कोई किराया नहीं लिया जाएगा. इसके लिए रेलवे को अग्र‍िम राशि का भुगतान रेलवे को कर देगी. यह भी तय किया गया है कि मास्‍क नहीं पहनने या अपना चेहरा नहीं ढंकने वालों पर 100 रुपए का फाइन लगाया जाएगा. Also Read - उत्तराखंड कैबिनेट को क्‍वारंटाइन में भेजने की जरूरत नहीं: स्वास्थ्य सचिव

Additional Chief Secretary (Home) अवनीश अवस्‍थी ने यह भी बताया कि मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने निर्देश दिया है कि 1000 रुपए प्रवासी वकर्स को दिया जाए, जिन्‍हें राज्‍य में लौटने के बाद होम क्‍वारंटाइन के लिए कहा गया है. Also Read - यूपी: कोरोना मरीजों के लिए एक लाख बेड तैयार, इतनी बड़ी तैयारी करने वाला देश का पहला राज्य

अब तक 318 श्रमिक स्‍पेशल ट्रेनों से 3, 84, 260 लोगों को उत्‍तर प्रदेश वापस लाया गया है. 67 और ट्रेनें आ जा जाएंगी. ऐसी 174 ट्रेनों को चलाने के लिए परमीशन ले ली गई है.