लखनऊ: उत्‍तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में स्थानीय अदालत ने कथित भड़काऊ भाषणों की मॉर्फड डीवीडी के आधार पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ मामला दर्ज कराने वाले व्यक्ति परवेज परवाज के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने का आदेश दिया है. Also Read - योगी आदित्यनाथ को मिली धमकी-मुख्तार अंसारी को जेल से निकालो, नहीं तो जान से मार देंगे

Also Read - बाहुबली MLA विजय मिश्रा की MLC पत्‍नी और बेटे की संपत्ति कुर्की आदेश को चुनौती वाली याचिका खारिज

मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट नुसरत खान ने परवेज परवाज के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया. परवेज ने 2007 के एक मामले में मॉर्फड डीवीडी पेश कर तत्कालीन सांसद योगी आदित्यनाथ, वर्तमान केंद्रीय मंत्री शिव प्रताप शुक्ला, तत्कालीन मेयर अंजू चौधरी, पूर्व विधानपरिषद सदस्य डॉक्टर वाई डी सिंह और विधायक डॉक्टर राधा मोहन अग्रवाल के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने और गोरखपुर में सांप्रदायिक दंगा फैलाने का आरोप लगाते हुये मामला दर्ज कराया था. याचिकाकर्ता डॉक्टर वाई डी सिंह ने कहा कि परवेज परवाज की ओर से प्रस्तुत डीवीडी मॉर्फड है. फॉरेंसिक रिपोर्ट में यह बात स्पष्ट हो गई है. Also Read - आत्मनिर्भर भारत: कानपुर के दो लड़कों का कमाल, बनाए स्ट्रीट लाइट्स के लिए स्मार्ट स्विच, खुद होंगे On-Off

यूपी में जल्‍द ही ऑनलाइन खरीदें बालू और मौरंग, योगी सरकार उठाने जा रही ये कदम

मुख्यमंत्री सहित पांच लोगों के खिलाफ दर्ज कराया था मुकदमा

सिंह के वकील अशोक कुमार शुक्ला ने कहा कि अदालत के आदेश पर मुख्यमंत्री सहित पांच लोगों के खिलाफ 2008 में कैंट पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया था. जांच के बाद मामला सीबी सीआईडी के सुपुर्द कर दिया गया था. जांच के दौरान परवेज परवाज ने सुबूत के तौर पर एक डीवीडी पेश की थी, जिसमें भड़काऊ भाषण होने की बात कही गयी थी. जांचकर्ताओं ने डीवीडी जांच के लिए फॉरेंसिक प्रयोगशाला भेजी थी. वहां 2014 में जांच में स्पष्ट हुआ कि डीवीडी के साथ छेड़छाड़ की गई है.

तस्‍करी कर नेपाल ले जा रहे 605 प्रतिबंधित देसी तोतों के साथ दो गिरफ्तार, UP STF ने पकड़ा

अदालत का आदेश मिलते ही दर्ज होगा मुकदमा

वकील शुक्ला ने बताया कि प्रयोगशाला की रिपोर्ट के बाद सीबी सीआईडी ने अपनी अंतिम रिपोर्ट लगा दी थी. उसे परवेज ने उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी लेकिन अदालत ने उसे खारिज कर दिया. अब स्थानीय अदालत ने परवेज के खिलाफ मामला दर्ज करने के आदेश दिये हैं. परवेज इस साल 26 सितंबर से सामूहिक बलात्कार के एक मामले में गोरखपुर जेल में बंद है. कैंट थाना प्रभारी ने कहा कि जैसे ही अदालत का आदेश मिलेगा परवेज के खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा. (इनपुट एजेंसी)