कानपुर: उन्नाव के पुलिस अधीक्षक (एसपी) के कार्यालय के बाहर खुद को आग लगाने वाली दुष्कर्म पीड़िता की कानपुर स्थित एक अस्पताल में शनिवार रात मौत हो गई. युवती (23) ने आरोप लगाया था कि दुष्कर्म के आरोपी अवधेश सिंह के खिलाफ उसकी शिकायत पर पुलिस कार्रवाई नहीं कर रही थी. उसने दावा किया था कि आरोपी ने उससे शादी करने का वादा किया था, लेकिन बाद में रिश्ते को स्वीकार करने से इनकार कर दिया.

अवधेश सिंह के खिलाफ दुष्कर्म का मामला दर्ज किया गया था, लेकिन बाद में उसे कोर्ट से अग्रिम जमानत मिल गई थी. पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल कर दिया था. युवती 70 प्रतिशत तक जल गई थी और 16 दिसंबर को वह कानपुर स्थित लाला लाजपत राय हॉस्पिटल में भर्ती हुई थी. डॉक्टरों ने कहा कि महिला के पेट और श्वसन तंत्र में सूजन आ गई थी और वह शनिवार सुबह से वेंटिलेटर पर थी.

गौरतलब है कि महिला ने 16 दिसंबर को उन्नाव एसपी कार्यालय पर जाकर खुद पर केरोसिन तेल उड़ेल कर आग लगा ली थी. लपटों से घिरी हुई वह कार्यालय में घुस गई थी. वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने तत्काल आग बुझाकर महिला को जिला अस्पताल पहुंचाया था, जहां से उसे कानपुर स्थित लाला लाजपत राय अस्पताल के लिए रैफर कर दिया गया था.

उन्नाव के पुलिस अधीक्षक विक्रांत वीर के अनुसार, महिला का अवधेश के साथ कई सालों से प्रेम संबंध था. महिला ने दो अक्टूबर को अवधेश पर उसका यौन शोषण करने का आरोप लगाकर उसके खिलाफ मामला दर्ज कराया था.