लखनऊ: सपा नेता और रामपुर लोकसभा सीट से सपा-बसपा गठबंधन के प्रत्‍याशी आजम खां की चुनाव से पहले ही परेशानी बढ़ गई है. कांग्रेस नेता फैसल खां लाला की शिकायत पर आज़म ख़ान के खिलाफ 29 मार्च को उनके पार्टी कार्यालय में जिलाधिकारी समेत 4 अधिकारियों के खिलाफ की गई एक कथित टिप्पणी पर एफआईआर दर्ज की गई है. बता दें कि सपा नेता आजम खां के खिलाफ पूर्व में दर्ज कराए गए दो मुकदमों में पुलिस ने चार्जशीट भी दाखिल कर दी है.

 

जानकारी के मुताबिक, विधायक बेटे अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाण पत्र बनवाने के मामले में आजम खां, उनकी पत्नी और राज्यसभा सदस्य डॉ. तजीन फात्मा और बेटे अब्दुल्ला आजम को पिछले दिनों ही हाईकोर्ट से चार्जशीट दाखिल होने तक गिरफ्तारी से स्थगनादेश मिला था, अब चार्जशीट दाखिल होने पर गिरफ्तारी का भी खतरा एक बार फिर से मंडराने लगा है. वहीं भड़काऊ भाषण देने के आरोप में पुलिस ने एक और मुकदमा दर्ज कर लिया है.

कभी आजम खान की ‘सम्मान’ थीं जया प्रदा, आज इस सीट पर हैं एक दूसरे के कट्टर विरोधी

कांग्रेस नेता ने दर्ज कराई एफआईआर
बता दें कि कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष फैसल खां लाला ने डीएम और एसपी से मिलकर शिकायत की थी कि रामपुर लोकसभा से समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी मोहम्मद आजम खा लगातार भड़काऊ तथा उकसाने वाले भाषण देकर जनता को जिला प्रशासन के खिलाफ भड़काने का प्रयास कर रहे हैं. सबूत के तौर पर उन्होंने आजम खां के 29 मार्च 2019 को सपा कार्यालय पर दिए गए भाषण की वीडियो क्लिप भी भेजी थी. वीडियो में आजम खां जिले में तैनात कुछ अधिकारियों के बारे में यह टिप्पणी कर रहे हैं कि उनको रामपुर का माहौल खराब करने के लिए भेजा गया है.