लखनऊ: उत्तर प्रदेश में गणतंत्र दिवस बड़ी धूम-धाम से मनाया जा रहा है. देशभक्ति के तराने गूंजें और हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं अन्य नेताओं की की मौजूदगी में विधान भवन के सामने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने परेड की सलामी ली. हाथ में तिरंगा लिए स्कूली बच्चों ने सेना का उत्साह बढ़ाया. सेना का शक्ति प्रदर्शन लोगों में देशप्रेम की भावना का संचार करने वाला रहा. राष्ट्रगान कर भारत माता की जय और वंदे मातरम के नारे लगाए गए.

 

परेड के दौरान देश की सरहदों पर सुरक्षा के लिए तैनात टैंक डी-90 भीष्म संग 105/37 एमएम लाईट फील्ड गन जब दर्शकों के सामने से गुजरी तो पूरा वातावरण भारत माता की जय के नारों से गूंज उठा. चारबाग से लेकर केडी सिंह बाबू स्टेडियम तक इस भव्य परेड के इस्तकबाल के लिए हर हाथ में तिरंगा दिखा. लखनऊ में इस बार 71वें गणतंत्र दिवस की परेड के दौरान पहली बार यूपी पुलिस की महिला टुकड़ी भी परेड का हिस्सा बनी. इसके साथ ही एटीएस की फाइटर टीम ने अपने करतबों से लोगों का मन मोहा. इसका नेतृत्व मेजर वात्सल्य तिवारी ने किया. तिवारी पाकिस्तान के खिलाफ हुए युद्ध में हिस्सा ले चुके हैं. परेड में नौ राजपूत रेजीमेंट, चार डोगरा रेजीमेंट, 16 जाट रेजीमेंट, केंद्रीय र्जिव पुलिस बल और सशस्त्र सीमा बल सहित कुल 33 टुकड़ियां शामिल रहीं.

परेड पथ पर हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा
राजधानी लखनऊ में 71 वें गणतंत्र दिवस पर परंपरागत रूप से परेड हुई जिसमें सेना, पुलिस तथा अर्धसैनिक बलों और छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया. इस दौरान परेड पथ पर हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा की गई. यह परेड चारबाग स्थित रविंद्रालय से शुरू होकर केडी सिंह बाबू स्टेडियम पर संपन्न हुई. इस दौरान बड़ी संख्या में आम लोगों ने सड़क के दोनों ओर खड़े होकर परेड देखी. इस दौरान उन्होंने जय हिंद के नारे भी लगाए.

 

राज्यपाल व सीएम योगी ने दी गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं
राज्यपाल ने गणतंत्र दिवस के मौके पर ट्वीट करते हुए कहा कि इस शुभ अवसर पर देश और प्रदेश के सभी नागरिकों को बधाई और शुभकामनाएं. शहीदों और स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग तथा बलिदान से प्राप्त आजादी और देश की एकता तथा अखंडता को बनाए रखना हम सबकी जिम्मेदारी है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी अपने ट्वीट में कहा कि गणतंत्र दिवस स्वाधीनता सेनानियों के बलिदान का स्मरण कराने के साथ ही संवैधानिक कर्तव्यों के प्रति सचेत भी करता है. यह राष्ट्रीय पर्व आत्मचिंतन करने व महान देशभक्तों के सपनों एवं लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए प्रतिबद्ध होने का अवसर प्रदान करता है.