नोएडा: उत्‍तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर में कोरोना वायरस महामारी के प्रसार के चलते 36 इलाके कंटेनमेंट एरिया घोषित किए गए हैं. सोमवार को गौतमबुद्ध नगर में थूकने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है. नियम का उल्‍लंघन करने पर 500 रुपए का जुर्माना होगा और दोबारा गलती करने पर 1000 रुपए का फाइन लगेगा. जिले में सोमवार को कोविड-19 के संक्रमण के 12 मामले सामने आए हैं. संक्रमित पाए गए इन 12 व्यक्तियों में सीआईएसएफ का एक कर्मी भी शामिल है. Also Read - परिवार के सदस्यों को कोरोना संक्रमण से बचाने के लिए घर में पहने मास्क, अध्ययन में आई ये बात सामने

जनपद में कोविड-19 से संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 179 हो गई है. 102 मरीज अब तक यहां के विभिन्न अस्पतालों से इलाज से ठीक हो कर घर जा चुके हैं. यह जानकारी एक वरिष्ठ अधिकारी ने दी. Also Read - Rajasthan में Coronavirus से बढ़ा मौतों का आंकड़ा, कुल संक्रमित 8100 के पार

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वहीं नोएडा प्राधिकरण की सीईओ ने शहर में सार्वजनिक स्‍थानों पर थूकने पर प्रतिबंध लगा दिया है. इस प्रतिबंध में तम्‍बाकू और तंम्‍बाकू के प्रोडक्‍ट खाकर थूकने पर भी शामिल है. इसके मुताबिक पहली बार थूकने पर 500 रुपए का फाइन लगेगा और यदि दोबारा थूका तो 1000 रुपए का जुर्माना लगेगा.

नोएडा में कोरोना वायरस महामारी के प्रसार के चलते 36 इलाके कंटेनमेंट एरिया घोषित किए गए हैं.

अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (जिला निगरानी अधिकारी) सुनील दोहरे ने बताया कि सोमवार को कोरोना वायरस के 82 संदिग्ध मरीजों की जांच रिपोर्ट प्राप्त हुई. इनमें से 70 व्यक्तियों की रिपोर्ट नेगेटिव है, जबकि 12 में संक्रमण की पुष्टि हुई है.

जनपद में कोविड-19 से संक्रमित व्यक्तियों की संख्या 179 हो गई है. इनमें 102 मरीज ठीक होकर घर जा चुके हैं, जबकि 77 मरीजों का उपचार यहां के विभिन्न अस्पतालों में चल रहा है. उन्होंने बताया कि आज जो मरीज कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं उनमें केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) का 27 वर्षीय जवान शामिल है, जो सूरजपुर में तैनात है. वहीं 20 वर्षीय युवती को ठीक होने के बाद ग्रेटर नोएडा स्थित जिम्स अस्पताल से आज छुट्टी दे दी गई.

अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि जनपद में कोविड-19 से संक्रमित 77 मरीज विभिन्न अस्पतालों में उपचाराधीन हैं. उनके अनुसार 179 मरीजों में से 102 मरीज ठीक होकर अब तक घर जा चुके हैं. उन्होंने बताया कि आज जहां मरीज पाए गए हैं, उन जगहों को सील करके जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग वहां पर सेनिटाइजेशन आदि का कार्य कर रहा है.

आज कुछ मरीज उन जगहों से भी पाए गए हैं, जो जगह पूर्व में हॉटस्पॉट घोषित करके सील किए गए हैं. जनपद में 2161 लोगों के विदेश यात्रा करने की जानकारी है. अब तक कोविड-19 के संदिग्ध 3722 लोगों का नमूने जांच हेतु लिए जा चुके हैं. जनपद के विभिन्न जगहों पर 254 लोग पृथकवास में रखे गए हैं.

नोएडा में कोविड-19 से एक मरीज की मौत
कोरोना वायरस से संक्रमित एक मरीज की नोएडा के सेक्टर 137 स्थित अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है. मरीज मूल रूप से गाजियाबाद के खोड़ा कालोनी का रहने वाला है. नोएडा जिला प्रशासन ने गाजियाबाद जिला प्रशासन को मामले की सूचना दे दी है.

नोएडा के सेक्टर-24 स्थित ईएसआई अस्पताल में भर्ती हुआ था
जिला निगरानी अधिकारी सुनील दोहरे ने बताया कि गाजियाबाद के खोड़ा कॉलोनी का रहने वाला एक व्यक्ति कुछ दिन पहले इलाज के लिए नोएडा के सेक्टर-24 स्थित ईएसआई अस्पताल में भर्ती हुआ था. उसकी बिगड़ती हालत को देखते हुए उसे नोएडा के सेक्टर 137 स्थित फ्लिक्स अस्पताल में रेफर किया गया. वहां पर मरीज का कोविड-19 की जांच के लिए नमूना लिया गया. कल रविवार को आई रिपोर्ट में मरीज के कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि हुई, इसी बीच मरीज की मौत हो गई.

निजी अस्पताल के डॉक्टर और नर्स, मेडिकल स्टाफ पृथक-वास में
मामले की सूचना गाजियाबाद जिला प्रशासन को दे दी गई. निगरानी अधिकारी ने बताया कि मरीज के संपर्क में आने वाले व्यक्तियों का पता लगाया जा रहा है. मरीज का उपचार करने वाले निजी अस्पताल के डॉक्टर और नर्स, मेडिकल स्टाफ के अन्य लोगों को पृथक-वास में रखा गया है. यह अस्पताल इससे पहले विवादों में भी रहा है. इस अस्पताल के एंबुलेंस के चालक ने कोविड-19 के संदिग्ध मरीज को ग्रेटर नोएडा में सड़क पर फेंक दिया था. यह मामला सोशल मीडिया पर काफी सुर्खियों में रहा था. इस मामले में अस्पताल के एंबुलेंस चालक एवं अन्य लोगों के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज हुआ है.