लखनऊ: उन्‍नाव रेप केस के मुख्‍य आरोपी बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर की वाई श्रेणी सुरक्षा राज्‍य सरकार ने वापस ले ली है. इसके अलावा विधायक के घर के बाहर तैनात सुरक्षा गार्ड को भी हटा दिया गया है. बता दें कि विधायक की वाई श्रेणी सुरक्षा के तहत एचसीपी व तीन सिपाही उनके आवास और तीन सिपाही सुरक्षा में तैनात किए गए थे.

यूपी के उन्नाव जिले के माखी गांव में बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर एक महिला के साथ गैंगरेप का आरोप है. विधायक खुद माखी गांव के रहने वाले हैं और वहां के थाने में उनकी हिस्ट्रीशीट भी है. आरोप है कि चार जून 2017 को विधायक और उनके गुर्गों ने सामूहिक दुराचार किया था. घटना के बाद जब पीडि़ता ने केस दर्ज करवाया था, तो तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया. लेकिन विधायक पर आंच तक नहीं आई थी. पीडि़ता के सीएम आवास पर प्रदर्शन और पुलिस पिटाई के बाद पीडि़ता के पिता की मौत के बाद मामला गरमा गया. मौजूदा समय में मामले की जांच सीबीआई कर रही है. सीबीआई को अपनी जांच की प्र‍गति रिपोर्ट दो मई को हाईकोर्ट में पेश करनी है.

उन्‍नाव रेप केस: पीड़िता को लेकर लखनऊ पहुंची सीबीआई, विधायक से होगा ‘सामना’

सीबीआई ने पीडि़ता से कराया आमना-सामना
उन्नाव रेप केस की जांच कर रही सीबीआइ ने गुरुवार को लखनऊ में आरोपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर और पीड़ित किशोरी का आमना-सामना कराया. किशोरी ने पिछले वर्ष चार जून को विधायक द्वारा दुष्कर्म किए जाने का आरोप दोहराया लेकिन, विधायक इससे इन्कार करते रहे. सूत्रों के मुताबिक, विधायक ने पीडि़ता की बात काटने की कोशिश की लेकिन, उसने सिरे से खारिज कर दिया. सीबीआइ के अफसरों ने दोनों से अलग-अलग हुई पूछताछ के तथ्यों को भी सामने रखा और एक दूसरे से पुष्टि की.