Coronavirus in Uttar Pradesh ऑक्सीजन संकट का सामना कर रहे अस्पतालों और मरीजों की खबरों के बीच, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों से सोशल मीडिया पर फेक न्यूज और “अफवाहें” फैलाने वाले व ‘माहौल खराब’ करने वाले लोगों की संपत्ति को जब्त करने और राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई करने का आदेश दिया है.Also Read - हमारे हिंदू धर्म में है कि कहीं पर भी पत्थर रख दो, एक लाल झंडा रख दो, पीपल के पेड़ के नीचे तो मंदिर बन गया: सपा प्रमुख

द हिंदू की रिपोर्ट के मुताबिक, आदित्यनाथ ने अधिकारियों के साथ एक उच्च-स्तरीय बैठक में, दवा के “ब्लैकमार्केटिंग” में शामिल “असामाजिक तत्वों”, अफवाहें फैलाने और माहौल को खराब करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ एनएसए और गैंगस्टर्स एक्ट के तहत कार्रवाई करने का निर्देश दिया. Also Read - UP: टैंकर से टकराई तेज रफ्तार कार, 4 लोगों की मौत

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को कहा कि प्रदेश के किसी भी निजी या सरकारी कोविड अस्पताल में मेडिकल ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है. मुख्यमंत्री ने साथ ही कहा कि राज्य सरकार विभिन्न संस्थानों के साथ मिलकर इस जीवन रक्षक गैस के संबंध में ऑडिट करेगी. विभिन्न अखबारों के संपादकों के साथ ऑनलाइन बातचीत के दौरान योगी आदित्यनाथ ने यह बातें कहीं. मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना वायरस को सामान्य वायरल बुखार की तरह लेना एक बड़ी भूल होगी. Also Read - ज्ञानवापी मामला: हिंदू पक्ष बोला- शिवलिंग फव्वारा है तो चला कर दिखाएं, मुस्लिम पक्ष ने कहा, तैयार हैं हम

उन्होंने कहा, ‘प्रदेश के किसी भी कोविड अस्पताल में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है. समस्या कालाबाजारी और जमाखोरी की है, जिससे सख्ती से निपटा जाएगा. हम आईआईटी कानपुर, आईआईएम लखनऊ और आईआईटी बीएचयू के साथ मिलकर ऑक्सीजन का एक ऑडिट करने जा रहे हैं ताकि इसकी उचित निगरानी हो सके.’ मुख्यमंत्री ने कहा, ‘हर संक्रमित मरीज को ऑक्सीजन की आवश्यकता नहीं पड़ती, इस बारे में जागरूकता फैलाने के लिए मीडिया से सहयोग की अपेक्षा है.’