लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा प्रख्यात श्रमिक नेता जॉर्ज फर्नांडिस के निधन पर मंगलवार को गहरा शोक व्यक्त किया. राज्य सरकार के प्रवक्ता के मुताबिक प्रयागराज में जारी एक शोक संदेश में मुख्यमंत्री ने कहा कि जॉर्ज फर्नांडिस एक समर्पित नेता थे. भारत सरकार के मंत्री के रूप में उन्होंने अपने दायित्वों का कुशलतापूर्वक निर्वहन किया.

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उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली केन्द्र सरकार में रक्षा मंत्री के रूप में फर्नांडिस ने उल्लेखनीय कार्य किया. तेजतर्रार मजदूर नेता और समाजवादी जॉर्ज फर्नांडिस उन चंद राजनेताओं में से एक थे जिन्होंने जाति, धर्म और क्षेत्रीय पहचान से ऊपर उठ राष्ट्रीय राजनीति पर एक अमिट छाप छोड़ी. मंगलुरु में 1930 में एक ईसाई परिवार में जन्मे फर्नांडिस धुर कांग्रेस विरोधी नेता थे.

1990 के दशक के मध्य में भाजपा के साथ उनके गठजोड़ ने गठबंधन की राजनीति में अलग-थलग पड़ी भगवा पार्टी की अश्पृश्यता समाप्त की. आपातकाल के खिलाफ उनके भूमिगत संघर्ष ने उन्हें एक प्रमुख विपक्षी नेता के रूप में पहचान दी. फर्नांडिस की पहचान एक संघर्षशील श्रमिक नेता के रूप में भी थी. उन्होंने हमेशा मजदूरों और मेहनतकश वर्ग के अधिकारों की आवाज बुलन्द की. फर्नांडिस के निधन से हुई क्षति की भरपाई होना कठिन है. प्रवक्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिवंगत आत्मा की शांति की कामना करते हुए उनके शोक संतप्त परिजनों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं.

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पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली राजग सरकार में फर्नांडिस रक्षा मंत्री थे, जब 1999 में भारत ने करगिल युद्ध लड़ा था. उनके कार्यकाल के दौरान ही भारत ने 1998 में पोखरण में परमाणु परीक्षण किया था. बतौर रेल मंत्री उन्हें कोंकण रेलवे को शुरू करने का भी श्रेय दिया जाता है. पूर्व रक्षा मंत्री जार्ज फर्नांडिस का 88 वर्ष की आयु में लंबी बीमारी के बाद मंगलवार सुबह निधन हो गया उनका अंतिम संस्कार कल यानि बुधवार को होगा.

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