भदोही: उत्तर प्रदेश में भदोही (Bhadohi) जिले के अमिलहरा में प्रशासन ने विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) को रविवार को पूर्व सांसद फूलन देवी (dacoit-turned-politician Phoolan Devi) की पुण्यतिथि पर उनकी प्रतिमा स्थापित नहीं करने दी. प्रशासन ने प्रतिमा को अपने कब्‍जे में ले लिया और इसका अनावरण करने आ रहे वीआईपी अध्‍यक्ष और बिहार सरकार (Bihar minister) के मंत्री मुकेश साहनी (Mukesh Sahani) को वाराणसी हवाई अड्डे (Varanasi airport) से ही वापस लौटा दिया. वहीं, बलिया से मिली खबर के अनुसार मुकेश साहनी द्वारा भेजी गई फूलन देवी की प्रतिमा को बलिया जिला प्रशासन ने शनिवार को अपने कब्जे में ले लिया गया.Also Read - Bodh Gaya: बोधगया के बारे में आप कितना जानते हैं? Video में जानें ख़ास बातें | Watch Video

भदोही के पुलिस अधीक्षक राम बदन सिंह ने रविवार को बताया कि विकासशील इंसान पार्टी के तत्‍वावधान में अमिलहरा गांव में फूलन देवी की प्रतिमा स्थापित की जानी थी लेकिन प्रशासन ने उसे अपने कब्जे में ले लिया. Also Read - OMG! चुपचाप घर में घुस आया आदमखोर, सोती हुई बच्ची को मुंह में दबोचा और मार डाला

भदोही के उप जिला अधिकारी आशीष कुमार ने बताया कि प्रतिमा स्थापित करने के लिए न तो कोई अनुमति दी गई थी और न ही कोई आवेदन किया गया था. कुमार के अनुसार अमिलहरा गांव में जिस जगह प्रतिमा स्थापित की जा रही थी वह ग्राम समाज की भूमि है. Also Read - कम हो रही है BJP और SBSP की दूरियां! योगी के डिप्टी सीएम ने ओपी राजभऱ को बताया 'पक्का दोस्त', साझा किया मंच

दूसरी तरफ वीआईपी के जिला अध्यक्ष रमाकांत केवट ने कहा कि 25 जुलाई को फूलन देवी की पुण्यतिथि पर पार्टी एक प्रतिमा स्थापित करना चाहती थी जिसका अनवारण पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश साहनी को करना था, लेकिन जिले की पुलिस ने प्रतिमा अपने कब्ज़े में ले ली है.

पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य गिरजा शंकर केवट ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार जातिवादी मानसिकता में लिप्त हो गई है. दोनों पदाधिकारियों ने चेतावनी दी है कि इस मामले को लेकर पार्टी चुप नहीं बैठेगी और सड़क से लेकर संसद तक आंदोलन किया जायेगा.

पूर्व दस्यु सुंदरी फूलन देवी भदोही से समाजवादी पार्टी (सपा) की सांसद चुनी गई थीं और 25 जुलाई 2001 को दिल्‍ली में उनकी गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. बिहार सरकार के मंत्री मुकेश साहनी ने यहां सुरयावा इलाके में फूलन देवी की एक बड़ी प्रतिमा लगाने की घोषणा की थी.

भदोही के पुलिस अधीक्षक सिंह ने बताया कि रविवार को यहां आ रहे साहनी को वाराणसी हवाई अड्डे से ही बाहर नहीं निकलने दिया गया और उन्‍ह‍ें वापस बिहार भेज दिया गया है. सिंह ने बताया कि फूलन देवी की आदमकद प्रतिमा को भी अगले दो-तीन दिन में बिहार भेज दिया जाएगा क्‍योंकि यह प्रतिमा बिहार से ही बनकर आई थी.

उधर, बलिया से मिली खबर के अनुसार मुकेश साहनी द्वारा भेजी गई फूलन देवी की प्रतिमा को बलिया जिला प्रशासन ने शनिवार को अपने कब्जे में ले लिया. बांसडीह के पुलिस उपाधीक्षक भूषण वर्मा ने बताया कि साहनी द्वारा जिले के बांसडीह कोतवाली क्षेत्र के हालपुर गांव में फूलन देवी की प्रतिमा को स्थापित करने के लिए भेजा गया था.

उन्होंने बताया कि प्रशासन ने प्रतिमा को लोगों से बातचीत कर और उन्हें समझाकर अपने कब्जे में ले लिया है. हालांकि विकासशील इंसान पार्टी, बलिया के जिलाध्यक्ष हरे राम साहनी ने प्रशासन की कार्रवाई पर आक्रोश व्यक्त किया. उन्होंने पत्रकारों से कहा, ”फूलन देवी की पुण्‍यतिथि के मौके पर प्रतिमा स्‍थापित होनी थी और हम लोग अपनी निजी भूमि पर इसे स्थापित करना चाहते थे, लेकिन प्रशासन ने इसकी अनुमति नहीं दी.”