लखनऊ: उत्तर प्रदेश में कर्तव्यपालन के दौरान गंभीर दुर्घटना के कारण किसी पुलिसकर्मी के लंबे समय तक कोमा में रहने पर उसके आश्रित को असाधारण पेंशन का लाभ दिया जाएगा. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में यह महत्वपूर्ण फैसला किया गया. इसके अलावा अन्य महत्वपूर्ण फैसले भी कबिनेट बैठक में लिए गए.Also Read - Pension Scheme: महिलाओं के लिए 3600 रुपए की पेंशन, सीधे बैंक अकाउंट में आएगी, जानें किनको मिलेगा फायदा

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असाधारण पेंशन का लाभ

मंत्रिपरिषद की बैठक के बाद राज्य सरकार के प्रवक्ता स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने यहां संवाददाताओं को बताया कि उत्तर प्रदेश पुलिस (असाधारण पेंशन) (द्वितीय संशोधन) नियमावली, 2015 में संशोधन को मंजूरी दी गई है. अब कर्तव्यपालन के दौरान गंभीर दुर्घटना के कारण किसी पुलिसकर्मी के लंबे समय तक कोमा में रहने पर उसके आश्रित को असाधारण पेंशन का लाभ दिया जाएगा. सिंह ने बताया कि एक अन्य फैसले में नोएडा में सॉफ्टवेयर विकास केंद्र की स्थापना के लिए मेसर्स टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज लिमिटेड को ‘उत्तर प्रदेश सूचना प्रौद्योगिकी एवं स्टार्टअप नीति-2017’ के तहत आवंटित 74.7642 एकड़ भूमि की लागत पर 25 प्रतिशत की छूट दिए जाने का प्रस्ताव कैबिनेट ने मंजूर किया.

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30 हजार लोगों को मिलेगा रोजगार

उन्होंने बताया कि मेसर्स टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज लिमिटेड नोएडा के सेक्टर-157 में सॉफ्टवेयर विकास केंद्र की स्थापना पर 2300 करोड़ रुपये खर्च करेगी. इसके निर्माण से 30 हजार लोगों को रोजगार मिलेगा. प्रदेश से सॉफ्टवेयर निर्यात में वृद्धि के फलस्वरूप जीडीपी में भी बढ़ोतरी होगी. सिंह ने बताया कि प्रदेश के आर्थिक विकास में व्यापारियों की भूमिका को सशक्त बनाने के लिहाज से ‘उत्तर प्रदेश व्यापारी कल्याण बोर्ड’ के गठन को भी मंजूरी दी गई है. इसके गठन से व्यापारियों की समस्याओं का त्वरित निस्तारण और उनकी सामाजिक-आर्थिक सुरक्षा के लिए योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन संभव होगा. (इनपुट एजेंसी)