लखनऊ: उत्तर प्रदेश के संत कबीरनगर जिले में स्थित संत कबीर के निर्वाण स्थल मगहर में जल्द ही एक इंटरनेशनल रिसर्च सेंटर (अंतर्राष्ट्रीय शोध संस्थान) बनाया जाएगा. इस पर कुल 24 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. प्रधानमंत्री इस महीने के अंत तक मगहर में इसका शिलांयास करेंगे. Also Read - School Reopening News: छात्र ने स्कूल खोलने को लेकर योगी आदित्यनाथ को दे दी धमकी, फिर..

शासन से जुड़े सूत्रों ने बताया कि संत कबीर की स्मृतियों को देश-विदेश तक पहुंचाने के लिए सरकार की ओर से यह कवायद शुरू की गई है. प्रयास यही है कि कबीर की स्मृतियों को एक अकादमी में संरक्षित किया जाए, ताकि देश-विदेश से आने वाले पर्यटक उससे अवगत हो सकें. संत कबीरनगर के मगहर में बनने वाली यह अकादमी संत कबीर के जीवन दर्शन पर केंद्रित होगी. राज्य पुरातत्व विभाग की देखरेख में 17 एकड़ में इसका निर्माण कराया जाएगा. पर्यटन विभाग इसकी नोडल एजेंसी होगा. Also Read - शिया धर्मगुरू मौलाना कल्बे सादिक का निधन, बेटे ने दी जानकारी, सीएम योगी आदित्यनाथ ने जताया दुख

पर्यटन विभाग के सूत्रों के मुताबिक, इस महीने के अंतिम सप्ताह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसका शिलान्यास कर सकते हैं. लगभग 24 करोड़ रुपये की लागत से बन रही इस अकादमी में इंटरप्रिटेशन सेंटर, प्रदर्शनी गैलरी के अलावा 300 दर्शकों की क्षमता वाले एक सभागार का भी निर्माण किया जाएगा. इसके अलावा इस अकादमी में पुस्तकालय, प्रशासनिक भवन, छात्रावास, कर्मचारी भवन का निर्माण भी कराया जाएगा. अकादमी की जमीन को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी मंजूरी प्रदान कर दी है. Also Read - कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अहमद पटेल का कोरोना से निधन, मेदांता अस्पताल में चल रहा था इलाज, पीएम मोदी ने जताया दुख

साउंड एंड लाइट शो भी होगा
राज्य पुरातत्व विभाग के निदेशक एके सिंह के अनुसार, संत कबीर के स्मारक से उत्तर 8.118 एकड़ क्षेत्र पर पर्यटन मंत्रालय की ओर से एक स्पिरिचुअल सर्किट भी बनाया जाएगा. इस योजना के तहत देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों के लिए आमी नदी के घाट का विकास, पब्लिक कन्वेंशन सेंटर और पाथवे निर्माण के अलावा ‘साउंड एंड लाइट शो’ का भी इंतजाम किया जाएगा.