लखनऊ: उन्नाव एक बार फिर शर्मसार हुआ है. बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर गैंगरेप के आरोप के मामले की जांच भी अभी पूरी नहीं हुई है, इसी बीच एक युवती ने अब सपा नेता बीरेंद्र यादव और उनके साथियों पर गैंगरेप का आरोप लगाया है. युवती का आरोप है कि उसे नौकरी का झांसा दिया गया. उसे सपा नेता के हवाले कर दिया गया. यहां उसके साथ गैंगरेप किया गया. इसके बाद उसे पिता को सौंप दिया, लेकिन पिता ने भी इसके खिलाफ कोई आवाज नहीं उठाई. पिता ने आरोपियों का साथ दिया. पुलिस ने इस मामले में पिता सहित चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है. मामले की जांच की जा रही है.Also Read - UP Government New Scheme: अब सीधे अभिभावकों के खाते में पैसे भेजेगी यूपी सरकार, जानिए क्या है छात्रों के लिए नई स्कीम

सपा नेता ने कई दिन तक किया गैंगरेप
मामला उन्नाव के कोतवाली गंगाघाट का है. यहां की रहने वाली एक युवती का आरोप है कि एक युवक ने उसे नौकरी दिलाने के नाम पर बहला फुसलाकर सपा नेता बीरेंद्र यादव के हवाले कर दिया. इसके बाद सपा नेता बीरेंद्र यादव और उसके साथियों ने उसके साथ कई दिनों तक गैंगरेप किया. कई दिनों तक गैंगरेप करने के बाद आरोपियों ने उसे कानपुर में एक अन्‍य महिला के साथ रह रहे पीड़िता के पिता के हवाले कर दिया. Also Read - लखीमपुर खीरी हिंसा की जांच कर रहे उपेंद्र अग्रवाल को बनाया गया DIG, संभालते रहेंगे SIT का प्रभार

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पिता ने दिया आरोपियों का साथ
पीड़िता का कहना है कि उसने पिता से इसके खिलाफ आवाज़ उठाने को कहा, लेकिन पिता ने कोई एक्शन नहीं लिया. और उसके साथ मारपीट की. पीड़ित युवती के अनुसार वह कोतवाली गंगाघाट शिकायत लेकर पहुंची, लेकिन पुलिस ने उसकी शिकायत नहीं सुनी. इस पर उसने पुलिस अधीक्षक से शिकायत की. उन्‍नाव पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर कोतवाली गंगाघाट में सपा नेता समेत तीन लोगों के खिलाफ गैंगरेप की रिपोर्ट दर्ज की गई है. पीड़िता के खिलाफ भी आरोपियों का साथ देने का मामला दर्ज किया गया है. अपर पुलिस अधीक्षक अनूप सिंह ने बताया की मामला दर्ज कर लिया गया है. उन्‍होंने जांच कर उचित कार्रवाई करने की बात कही है.

गैंगरेप मामले में मुश्किल में हैं बीजेपी विधायक
बता दें पिछले दिनों उन्‍नाव के माखी गांव की एक युवती ने बांगरमऊ से बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर और उनके साथियों पर गैंगरेप का आरोप लगाया था. मामले में कार्रवाई ना होने पर पीडि़ता अपने परिवार के साथ लखनऊ स्थित मुख्‍यमंत्री आवास के बाहर आत्‍मदाह करने पहुंच गई थी. लेकिन वहां पुलिस ने उसे बचा लिया था. इसके बाद पुलिस कस्‍टडी में पीडि़ता की मौत के बाद मामले ने और तूल पकड़ा था. इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मामले को संज्ञान में लेकर कुलदीप सिंह सेंगर और उनके साथियों को तत्‍काल गिरफ्तार करने के आदेश दिए थे. इसके बाद सीबीआई को मामले की जांच सौंपी गई और बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को सीबीआई ने गिरफ्तार किया. इसके बाद कोर्ट ने विधायक को सात दिन की सीबीआई रिमांड पर भेजा था. विधायक अभी भी रिमांड पर हैं.