लखनऊ: सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने बंगले में तोड़फोड़ को लेकर की गई प्रेस कांफ्रेस में एक साथ कई निशाने साधे. बीजेपी सरकार पर निशाना साधा ही, मीडिया को भी नहीं छोड़ा. अधिकारियों को लेकर भी उन्होंने नाराजगी व्यक्त की. वह प्रेस कांफ्रेस में टोटी लेकर पहुंचे. उन्होंने टोटी दिखाते हुए कहा- ‘जिन लोगों ने ये टोटी ढूंढी है, उनसे मैं चिलम ढूंढवाऊंगा.’ उन्होंने कहा कि प्यार में ही अंधा नहीं हुआ जाता है, सरकार तो जलन और गुस्से में भी अंधे हो गई है. उन्होंने मीडिया को लेकर कहा कि बंगले की तस्वीरें इस तरह से ली गई कि हालात खराब लगें. मैं अगर दूसरे एंगल से तस्वीरें लूंगा तो बंगला शानदार लगेगा. मीडिया की भी जिम्मेदारी है कि वह लोकतंत्र को बचाए. अखिलेश यादव अखबारों में छपी ख़बरों और सोशल मीडिया पर बंगले को लेकर की गई पोस्ट के प्रिंट आउट भी लेकर पहुंचे. Also Read - सात महीने बाद सिर्फ एक दिन के लिए खुला 'बांके बिहारी मंदिर', फिर से बंद किए गए कपाट, ये है बड़ी वजह

सरकार पर जमकर साधा निशाना
अखिलेश यादव ने कहा कि बंगले में कोई तोड़फोड़ नहीं हुई. जो सामान मैंने लगवाया था, वो मैं ले गया. सरकार ने मीडिया को बंगला दिखाया, उससे पहले उन्हें बताना चाहिए कि वहां उससे पहले कौन-कौन और किस मकसद से गया था. वहां उन्होंने क्या किया. अखिलेश ने कहा कि सरकार को बताना चाहिए कि वहां क्या-क्या गायब हुआ. वो हमें लिस्ट दे. उन्होंने कहा कि स्विमिंग पूल तोड़ने की बात कही जा रही है, जबकि वहां स्विमिंग पूल था ही नहीं. सरकार बताए कि वहां से कितनी टोटी गायब हुई, मैं सारी टोटी वापस कर दूंगा. Also Read - UP: पुलिस का खुलासा, गोंडा का पुजारी खुद पर हमले की साजिश में सरपंच और महंत के साथ शामिल था

अधिकारियों से नाराज अखिलेश
अखिलेश यादव ने अधिकारियों से भी नाराजगी व्यक्त की. अखिलेश ने कहा कि जो अधिकारी कभी उनके अहसान मानते थे, अब वही ऐसा कर रहे हैं. उन्होंने एक अधिकारी का नाम लेकर कहा कि वो जो कर रहे हैं ठीक नहीं कर रहे हैं. उनके खिलाफ साजिश की गई. उनकी छवि खराब करने की साजिश रची गई. ये षड़यंत्र रचा गया. उन्होंने कहा कि प्रमुख सचिव पर रिश्वत के आरोप थे, इसलिए ये सब रचा गया ताकि उस मुद्दे से ध्यान हटाया जा सके. मेरे पास सबकी सब रिपोर्ट्स हैं.

मीडिया पर साधा निशाना
उन्होंने मीडिया पर भी निशाना साधा. अखिलेश ने एक न्यूज़ चैनल का नाम लेकर कहा कि मीडिया को इस तरह की हरकत नहीं करनी चाहिए. अगर मीडिया ऐसी हरकतें करेगा तो लोकतंत्र कैसे बचेगा. अखबारों में छपी ख़बरों की प्रिंट आउट लेकर पहुंचे अखिलेश यादव ने कहा कि उनके पास सब रिकॉर्ड हैं. ऐसे-ऐसे एंगल से तस्वीरें ली गई, जहां से हालात खराब लगे, जबकि ऐसा नहीं था. मीडिया को पुरानी तस्वीरें भी देखनी चाहिए. गूगल मैप से देखना चाहिए कि कहां क्या था. उन्होंने मीडिया को टोटी दिखाते हुए कहा कि टोटी तो गंजेड़ी-भंगेड़ी ही निकालते हैं.