लखनऊ: उत्तर प्रदेश में झांसी जिले के पारीक्षा विद्युत पॉवर प्लांट में कोयले के ढेर में दबे दो मजदूरों के शव बरामद होने से सनसनी फैल गई. अधिकारियों ने जहां ढेर में दबकर कर मौत होना बता रहे हैं, वहीं मजदूरों ने कथित तौर पर हत्या किए जाने का आरोप लगाकर भारी हंगामा किया.

बरेली: मिट्टी के ढेर में दबने से दो लड़कियों की मौत

अपर पुलिस अधीक्षक और सीओ के साथ पारीक्षा विद्युत पॉवर प्लांट पहुंचे उपजिला अधिकारी अनुनय झा ने बताया कि मजदूर दिनेश (40) और दाऊद (43) के शव मंगलवार की दोपहर कोयले के ढेर के नीचे दबे पाए गए हैं, ऐसा लगता है कि कोयला निकालते समय अचानक ढेर गिर गया और उसमें दोनों मजदूर दब गए, जिससे उनकी मौत हो गई. मजदूरों के आश्रितों को पांच-पांच लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा. उधर, विद्युत पॉवर प्लांट के कर्मचारी यूनियन के अध्यक्ष अशोक सिंह और मजदूर मोहर सिंह का आरोप है कि कंपनी प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों ने दोनों मजदूरों की सोमवार रात हत्या कर शव 20 फीट गहरे कोयले के ढेर में दबा दिया और मंगलवार दोपहर तक छुपाए रहे.

पॉवर प्‍लांट पर मजदूरों का हंगामा
इसी आरोप के साथ तमाम मजदूरों ने पॉवर प्लांट के मुख्य गेट पर जमकर हंगामा किया और कंपनी प्रबंधन के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग की. मजदूरों के आरोप पर पुलिस अधीक्षक (नगर) देवेश पांडेय ने कहा कि दुर्घटना की जांच कराई जाएगी, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है. फिलहाल शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए चार थानों का पुलिस बल पॉवर प्लांट में तैनात कर दिया गया है.