लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य की चीनी मिलों को राष्ट्रीयकृत एवं अन्य बैंकों के जरिए आसान शर्तों पर 4,000 करोड रुपये का कर्ज उपलब्ध कराने का फैसला किया है.Also Read - Central Cabinet Meeting LIVE: केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में हो गया फैसला, कृषि कानून वापसी बिल को मिली मंजूरी

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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज कैबिनेट बैठक के बाद यहां संवाददाताओं से कहा कि गन्ना किसानों को पेराई सत्र 2016-17 और 2017-18 के बकाया गन्ना मूल्य का पूर्ण और त्वरित भुगतान सुनिश्चित कराने के दृष्टिगत प्रदेश की निजी चीनी मिलों को राष्ट्रीयकृत व अन्य बैंकों के माध्यम से 4000 करोड़ का सस्ता कर्ज उपलब्ध कराए जाने का प्रस्ताव मंजूर किया गया है. योगी ने कहा कि बकाया गन्ना मूल्य के भुगतान के लिए आसान कर्ज हेतु अनुपूरक अनुदान के माध्यम से 4000 करोड़ का बजटीय प्रावधान किया गया है. Also Read - UP Government New Scheme: अब सीधे अभिभावकों के खाते में पैसे भेजेगी यूपी सरकार, जानिए क्या है छात्रों के लिए नई स्कीम

गन्ना किसानों के बैंक खातों में जमा होगी राशि
यह राशि चीनी मिलों को बैंकों के माध्यम से मिलेगी, जिसे वह आरटीजीएस/ एनईएफटी के माध्यम से सीधे गन्ना किसानों के बैंक खातों में जमा करेंगे. उन्होंने बताया कि गन्ना किसानों को पेराई सत्र 2017-18 की गन्ना खरीद के एवज में बकाया राशि का भुगतान सुनिश्चित कराने हेतु 4.50 रु. प्रति कुंतल की दर से चीनी मिलों को 500 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को स्वीकृत किया गया है. यह राशि गन्ना किसानों के खातों में जमा होगी.