लखनऊ/देहरादून: उत्‍तराखंड में बारिश और बर्फबारी के चलते चारधाम यात्रा पर हजारों यात्री जगह-जगह फंसे हुए हैं. बदरीनाथ और केदारनाथ में भारी बर्फबारी के चलते प्रशासन ने यात्रियों को सुरक्षित स्‍थानों पर रूकने को कहा है. उधर, ऋषिकेश-बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग बर्फवारी होने के कारण कंचन गंगा के पास बंद हो गया है. हालांकि बीआरओ ने लामबगड़, जोशीमठ में रास्‍ते को यात्रियों के लिए खोल दिया है. अधिकारियों का कहना है कि मौसम साफ होते ही यात्रा फिर शुरू हो जाएगी.

रूद्रप्रयाग के जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल ने बताया कि श्रद्धालुओं को मौसम के साफ होने तक लिंचौली और भीमबली जैसे यात्रा पड़ावों पर प्रतीक्षा करने को कहा गया है. वर्तमान में केदारनाथ धाम में बर्फ की दो—तीन इंच की परत जमी हुई है. घिल्डियाल ने हालांकि स्पष्ट किया है कि यात्रा अस्थायी रूप से रोकी गयी है. मौसम सुधरते ही वह दोबारा शुरू हो जाएगी. बताया गया कि ऋषिकेश-बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग लामबगड़, जोशीमठ में खोल दिया गया है, जबकि बदरीनाथ में भारी बर्फवारी होने के कारण कंचन गंगा के मार्ग अवरूद्ध हो गया है.

केदारनाथ के रास्‍ते पर फंसे हजारों यात्री
केदारनाथ यात्रा मार्ग पर फंसे 4272 तीर्थयात्रियों को स्‍थानीय प्रशासन ने गौरीकुण्ड के लिए भेज दिया गया है. हालांकि 272 तीर्थयात्री आज यात्रा के रवाना हुए थे, लेकिन उनकी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए और मौसम को देखते हुए उचित सुरक्षित स्थानों पर रोक दिया गया है. मंगलवार को केदारनाथ में बर्फवारी व जनपद के अन्य स्थानों पर बारिश होने की सूचना मिली है.

देहरादून में मुख्‍यमंत्री आवास पर गिरा पेड़
उत्‍तराखंड के मुख्‍यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के आवास और टीचर कालोनी गोविन्दगढ़, सांई मन्दिर व डीआईटी के पास तूफान के चलते पेड़ गिर गए, हालांकि इस दौरान किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई. सूचना पर फायर/वन विभाग ने मौके पर पहुंचकर पेड़ को काटकर मार्ग को यातायात को सुचारू कर दिया.

यमुनोत्री मार्ग बंद, गंगोत्री के लिए खुला रास्‍ता
जिला आपातकालीन परिचालन केन्द्र द्वारा बताया गया कि हर्षिल व गंगोत्री में बर्फवारी के साथ जनपद अन्य स्थानों में वर्षा हुई है. इसके चलते यमनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग डाबरकोट व ओजरी बड़कोट के पास मलबा पत्थर आने से अवरूद्ध था, जिसे बीआरओ ने खोल दिया. ऋषिकेश-गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-108) गंगोत्री तक छोटे-बड़े वाहनों के लिए यातायात के लिए खुल गया है, लेकिन ऋषिकेश-यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-94) जानकीचट्टी तक छोटे-बड़े वाहनों के लिए ही खुल पाया है.

दिल का दौरा पड़ने से दो श्रद्धालुओं की गई जान
रूद्रप्रयाग के अपर जिलाधिकारी ने जिले में दो श्रद्धालुओं की मौत की पुष्टि की है. उनकी मौत दिल का दौरा पड़ने से हुई है, ठंड से इसका कोई संबंध नहीं है. बदरीनाथ के समीप लामबगड़ में सुबह भारी बारिश के कारण हुए भूस्खलन के बाद पहाड़ी से बड़े-बड़े पत्थर टूट कर गिर रहे हैं. चमोली पुलिस ने बताया कि बारिश और मलबा गिरना कम होते ही मार्ग को यात्रा हेतु पुन: खोल दिया जायेगा.