नई दिल्ली: प्रवासी मजदूरों को लेकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और कांग्रेस पार्टी के बीच जुबानी जंग काफी तेज हो चुकी है. इस बीच योगी आदित्यनाथ के कार्यालय के ट्विटर हैंडल से ट्वीट कर प्रियंका गांधी से योगी आदित्यनाथ ने 4 सवाल किए हैं. सीएम ने ट्वीट कर लिखा- मजदूरों की मददगार बनने का स्वांग रच रही कांग्रेस पार्टी से मजदूर भाइयों और बहनों के कुछ सवाल. इस बाबत योगी आदित्यनाथ ने प्रियंका गांधी से सवाल पूछते हुए कहा कि क्या वह औरैया में प्रवासी मजदूरों के साथ हुई दुर्घटना की जिम्मेदारी लेंगी. Also Read - यूपी में कल से खुलने जा रहे मंदिर, मस्जिद और मॉल्स, योगी आदित्यनाथ का आदेश- नियमों का हो अनुपालन

तीसरा सवाल- प्रियंका गांधी जी कहती हैं कि उनके पास 1000 बसें हैं. यह और बात है कि अब तक इन बसों की सूची तक उपलब्ध नहीं कराई गई, न ही हमारे साथियों की. बसों और हमारे साथियों की सूची उपलब्ध करा दी जाए, जिससे उनके कार्य ट्विटर नहीं धरातल पर दिखें.

चौथा सवाल- देशभर में जितनी भी श्रमिक स्पेशल ट्रेनें चल रही है उनमें से आधी से ज्यादा ट्रेनें उत्तर प्रदेश ही आईं है. अगर प्रियंका वाड्रा जी को हमारी इतनी ही चिंता है तो वो हमारे बाकी साथियों को भी ट्रेनों से ही सुरक्षित भेजने का इंतजाम कांग्रेस शासित राज्यों से क्यों नहीं करा रहीं?

बता दें कि इससे पहले प्रियंका गांधी ने ट्वीट कर योगी सरकार पर निशाना साधा था. उन्होंने ट्वीट कर लिखा- प्रवासी मजदूरों की भारी संख्या घर जाने के लिए गाजियाबाद के रामलीला मैदान में जुटी है. यूपी सरकार से कोई व्यवस्था ढंग से नहीं हो पाती. यदि एक महीने पहले इसी व्यवस्था को सुचारू रूप से किया जाता तो श्रमिकों को इतनी परेशानी नहीं झेलनी पड़ती. कल हमने 1000 बसों का सहयोग देने की बात की, बसों को उप्र बॉर्डर पर लाकर खड़ा किया तो यूपी सरकार को राजनीति सूझती रही और हमें परमिशन तक नहीं दी. विपदा के मारे लोगों को कोई सहूलियत देने के लिए सरकार न तो तैयार है और कोई मदद दे तो उससे इंकार है.