लखनऊ: योगी आदित्यनाथ के पिता आनंद सिंह बिष्ट ने आज दिल्ली के एम्स अस्पताल में अंतिम सांस ली. गंभीर हालत में उन्हें दिल्ली के अस्पताल में भर्ती कराया गया था. इस दौरान योगी आदित्यनाथ ने बताया कि वह अपने पिता के साथ आखिरी वक्त में रहना चाहते थे लेकिन वह  जिम्मेदारियों के कारण ऐसा नहीं कर पाए. साथ ही वह अपने पिता के अंतिम संस्कार में भी कल शामिल नहीं हो पाएंगे. उन्होंने बताया कि ऐसा वह इसलिए कर रहे हैं क्योंकि देश में महामारी कोरोना वायरस फैला हुआ है. ऐसे में यूपी की जनता के हितों को ध्यान में रखना बेहद जरूरी है. Also Read - महाराष्ट्र के डिप्टी CM अजीत पवार कोरोना वायरस से संक्रमित, मुंबई के अस्पताल में कराया गया भर्ती

योगी आदित्यनाथ ने लिखा- अपने पूज्य पिताजी के कैलाशवासी होने पर मुजे भारी दुख एवं शोक है. वे मेरे पूर्वाश्रम के जन्मदाता हैं. जीवन में ईमानदारी, कठोर परिश्रम एवं निस्वार्थ भाव से लोकमंगल के लिए समर्पित भाव के साथ कार्य करने का संस्कार बचपन में उन्होंने मुझे दिया. अंतिम क्षणों में उनके दर्शन की हार्दिक इच्छा थी, परन्तु वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के खिलाफ देश की लड़ाई को यूपी की 23 करोड़ जनता के हित में आगे बढ़ाने व कर्तव्यबोध के कारण मैं न कर सका. Also Read - India Covid-19 Updates: देश में थम रही कोरोना की रफ्तार! कई महीनों बाद 500 से कम मौतें, संक्रमितों का आंकड़ा 79 लाख के पार

योगी ने आगे लिखा- कल 21 अप्रैल को अंतिम संस्कार के कार्यक्रम में लॉकडाउन की सफलता तथा महामारी कोरोना को परास्त करने की रणनीति के कारण भाग नहीं ले पा रहा हूं. पूजनीया मां, पूर्वाश्रम से जुड़े सभी सदस्यों से भी अपील है कि वे लॉकडाउन का पालन करते हुए कम से कम लोग अंतिम संस्कार के कार्यक्रम में रहें. पूज्य पिताजी की स्मृतियों को कोटि कोटि नमन करते हुए उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित कर रहा हूं. लॉकडाउन के बाद दर्शनार्थ आउंगा.