लखनऊ: योगी आदित्यनाथ सरकार अब वरिष्ठ नौकरशाहों और स्वास्थ्य अधिकारियों की उच्च स्तरीय टीमों को 11 जिलों में भेजेगी जिनमें कोरोना के मामले ज्यादा है. ये टीमें राज्य सरकार द्वारा नियुक्त नोडल अधिकारियों के साथ समन्वय करेंगी. यह फैसला राज्य में हॉटस्पॉट की बढ़ती संख्या के बीच आया है. रविवार तक की बात करें तो 58.37 लाख से अधिक लोगों की आबादी के साथ 9.85 लाख घरों को कवर करते हुए हॉटस्पॉट्स की कुल संख्या बढ़कर 2,265 हो गई थी. Also Read - कोविड-19 की दवा विकसित करने के लिए 'ड्रग डिस्कवरी हैकाथन' शुरू, देश में पहली बार हो रही ऐसी पहल

वर्तमान में, गौतम बुद्ध नगर में सबसे अधिक समस्या है. यहां सबसे ज्यादा 498 सक्रिय मामले हैं, इसके बाद कानपुर में 288, गाजियाबाद में 272, लखनऊ में 198 और मेरठ में 170 हैं. आगरा में कुल मामलों की संख्या सबसे अधिक 1,038 है लेकिन उनमें से सिर्फ 125 ही सक्रिय मामले हैं. अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह) अवनीश अवस्थी के अनुसार, इन हॉटस्पॉट्स में कोरोना पॉजिटिव मामलों की संख्या 4,929 थी. Also Read - 'यदि भारत खेलने के लिए तैयार हो जाए तो हम 23 की जगह 13 मैचों के आयोजन पर विचार कर सकते हैं'

मुख्यमंत्री ने डॉक्टरों, नर्सों और पैरामेडिकल स्टॉफ को कोरोना संक्रमित लोगों के अटेंडेंट्स के साथ संवाद स्थापित करने के लिए भी निर्देशित किया है. उन्होंने अधिकारियों से पैरामेडिकल स्टाफ की निगरानी करने और कोविड और गैर-कोविद अस्पतालों में पर्याप्त सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए भी कहा है. साथ ही, मुख्यमंत्री ने पुलिस को भीड़-भाड़ वाले इलाकों में गश्त बढ़ाने और ‘अनलॉक 1’ के दौरान केंद्र के दिशानिर्देशों को लागू करने के लिए सभी संभव कदम उठाने के भी निर्देश दिए हैं. Also Read - Coronavirus In India Update: 24 घंटे में 434 लोगों की हुई मौत, संक्रमितों की संख्या 5 लाख के पार