लखनऊ. उत्तर प्रदेश की योगी सरकार का पहला मंत्रिमंडल विस्तार अब बुधवार को होगा. राजभवन से जारी कार्ड के अनुसार 11 बजे राज्यपाल आनंदीबेन पटेल नए मंत्रियों को शपथ दिलाएंगी. अभी योगी सरकार में इस वक्त मुख्यमंत्री, दो उप मुख्यमंत्रियों, 18 अन्य कैबिनेट मंत्रियों, स्वतंत्र प्रभार के नौ राज्य मंत्रियों और 13 राज्य मंत्रियों समेत कुल 43 मंत्री हैं. मंत्रिमंडल में अभी 18 और मंत्रियों की गुंजाइश है.

मंत्रिमंडल का यह पहला विस्तार सोमवार 19 अगस्त को प्रस्तावित था, लेकिन ऐन मौके पर उसे टाल दिया गया. राज्यपाल आनंदीबेन पटेल भी आज देर शाम नई दिल्ली से लखनऊ लौटेंगी. एक बार फिर से मंत्रियों के शपथ ग्रहण की तैयारी पूरी कर ली गई है. राजभवन में कल होने वाले इस सरकार के पहले मंत्रिमंडल विस्तार में कई मंत्री शपथ लेंगे. सूत्रों के अनुसार, सभी शपथ लेने वाले मंत्रियों की सूची राजभवन को भेज दी गई है. फेरबदल में कुछ मंत्रियों की छुट्टी होनी तय है, तो शपथ के बाद कई मंत्रियों के विभाग भी बदले जाएंगे.

सूत्रों के मुताबिक, जातीय समीकरण के चलते भले कुछ मंत्रियों की छुट्टी नहीं हो, लेकिन उनके विभाग बदला जाना तय है. गंभीर शिकायतों के चलते कुछ लोगों की कुर्सी भी जानी तय मानी जा रही है. सरकार में कैबिनेट मंत्री रहीं रीता बहुगुणा जोशी ने इलाहाबाद से, सत्यदेव पचौरी ने कानपुर से और एस.पी. सिंह बघेल ने आगरा से लोकसभा चुनाव 2019 में जीत दर्ज की थी. सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर भी योगी मंत्रिमंडल से बाहर हो चुके हैं. जबकि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद स्वतंत्र देव सिंह ने भी मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है.

गौरतलब है कि योगी सरकार का बहुप्रतीक्षित पहला मंत्रिमंडल विस्तार ऐन वक्त पर स्थगित कर दिया गया. हालांकि इसकी वजह साफ नहीं हो पाई थी. लेकिन माना जा रहा था कि पूर्व वित्तमंत्री अरुण जेटली की हालत नाजुक होने के कारण यह फैसला टाला गया हो. अपर मुख्य सचिव (सूचना) अवनीश अवस्थी ने बताया कि सोमवार को मंत्रिमंडल विस्तार का कोई कार्यक्रम नहीं था. इससे पूर्व रविवार को छुट्टी के बावजूद अफसरों को राजभवन बुलाया गया था. भाजपा ने अपने मंत्रियों व विधायकों को लखनऊ बुला लिया था. सोमवार सुबह 11 बजे मंत्रिमंडल का विस्तार प्रस्तावित था, मगर रात करीब आठ बजे इसे स्थगित कर दिया गया.