तेंदुआ देखकर किसी की भी डर से हालत खराब हो जाए. पर हाल ही में ऐसी घटना सामने आई, जिससे ये साबित हो गया कि अगर हिम्मत हो तो इंसान कैसे भी खतरे से मुकाबला कर सकता है.Also Read - Harela 2021: उत्तराखंड का लोकपर्व हरेला आज, यहां जानें इसके गीत और महत्व

उत्तराखंड के पिथैरागढ़ जिले में ये घटना हुई. यहां एक गांव में युवक ने मादा तेंदुआ के साथ संघर्ष में उसे मार डाला. एक वन अधिकारी ने इसकी जानकारी दी है. Also Read - Uttrakhand BJP महिला मोर्चा की प्रदेश सचिव ने करोड़ों की प्रॉपर्टी पर किया कब्‍जा, 2 बेटों और सहयोगी समेत हुईं अरेस्‍ट

पिथौरागढ के वन रेंज अधिकारी दिनेश जोशी ने बताया कि नरेश सिंह नैनी गांव में खेत में अपनी बकरियों को चरा रहा था और तभी उसके झुंड पर मादा तेंदुआ ने हमला कर दिया और उसकी एक बकरी को ले जाने लगी. Also Read - कोरोना प्रोटोकॉल के बीच खुले गंगोत्री धाम के कपाट, प्रतिदिन जारी रहेगी पूजा-पाठ

उन्होंने बताया कि सिंह ने उसके जबड़े से अपनी बकरी छीनने का प्रयास किया और इसी दौरान तेंदुए ने उस पर हमला बोल दिया, लेकिन युवक ने हार नहीं मानी. अपनी दरांती से उस पर वार किया, जिससे उसकी मौत हो गयी.

मादा तेंदुआ की उम्र दो साल थी. जोशी ने बताया कि आत्मरक्षा का मामला होने के कारण युवक के खिलाफ कोई मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है. संघर्ष में युवक को मामूली चोटें आयी हैं. उसे प्राथमिक उपचार के लिए स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
(एजेंसी से इनपुट)